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साथ जीना चाहते थे, समाज स्वीकार नहीं करेगा इसी डर से एक साथ मरने का फैसला लिया

6 वर्ष पहले
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> 10 मार्च को होनी थी लड़की की शादी

> दो बच्चों का बाप अपने साथ भगा लाया था घर से

भास्करन्यूज | यमुनानगर

22वर्षीयलड़की की दस मार्च को शादी थी और दस फरवरी को सल्फास खाकर प्रेमी संग सुसाइड कर लिया। जहर खाने से पहले दोनों ने सुसाइड नोट में दिल की बात मांग के सिंदूर से लिखी। फिर जहर खाकर दोनों ने एक-दूसरे से लिपट जान दे दी। सिरमौर जिले के मलकियत सिंह और रचना रेलवे रोड स्थित प्रिंस होटल में सोमवार दोपहर बाद दंपती बनकर आए थे। लड़की ने नवविवाहिता की तरह हाथ में चूड़ा पहना था और मांग में सिंदूर।

रूम लेने के बाद वे मार्केट में घूमे। रात को दोनों ने सल्फास खाकर एक साथ जान दे दी। सुबह हुई तो होटल कर्मचारियों ने आवाज लगाई तो अंदर से कोई जवाब नहीं आया। इसके बाद खिड़की में से देखा तो दोनों के शव बेड पर एक-दूसरे से लिपटे थे और पास में सल्फास की गोलियां पड़ी थी। होटल से सूचना पुलिस को दी गई। सूचना पर डीएसपी हेड क्वार्टर विरेंद्र विज, सिटी एसएचओ राजेश कुमार एफएसएल की टीम के साथ मौके पर पहुंचे और रूम का दरवाजा तोड़ा कर शवों को कब्जे में लिया।

सिरमौर जिला के गांव डोईवाला निवासी 38 वर्षीय मलकियत सिंह टैक्सी चालक है। उसकी 12 साल पहले शादी हुई थी। उसके पास एक बेटा बेटी है। वहीं 22 वर्षीय रचना पास के गांव ब्यास की रहने वाली थी। एक साल पहले उसका रिश्ता देहरादून में हुआ था। रचना इस रिश्ते से खुश नहीं थी। वह मलकियत सिंह से शादी करना चाहती थी, लेकिन मलकियत पहले से ही शादीशुदा था।

पंचायतभी हुई थी दोनों रिश्ते के बारे में : मलकियतके भाई अनिल कुमार ने बताया कि दोनों के रिश्ते के बारे में दोनों ही परिवारों का पता था। दोनों का मिलना-जुलना काफी बढ़ गया। इस बारे में वे कुछ दिन पहले ही लड़की के घर पर गए थे और लड़की को समझाने की बात कही। काफी देर उनके परिवार के साथ बात हुई थी, लेकिन मलकियत और रचना ने मिलना नहीं छोड़ा। दोनों की लव मैरिज करना चाहते थे। इसी के लिए सोमवार को दोनों घर से भाग गए थे। दोनों के भागने की बात उन्हें शाम चार बजे पता चली, जब रचना के परिजनों ने उनसे संपर्क किया।

सिरमौर वार्ड-4 के प्रधान रूपेंद्र सिंह ने बताया कि रचना का भाई प्रमोद दोपहर को उसके पास आया था। उसने बताया था कि रचना ऑटो में बैठकर बिना बताए घर से कहीं चली गई है। इसके बाद उसकी तलाश की तो पता चला कि वह मलकियत के साथ गई है। उन्होंने उनके फोन नंबर पर संपर्क भी किया, लेकिन फोन नहीं मिल पाया है।

बोलतारहा परिवार रचना को लेकर घर जाओ : अनिलने बताया कि शाम पांच बजे मलकियत का फोन आया था और बोल रहा था कि उसे माफ कर देना। वह रो रहा था। इस बीच रोमिंग में होने से फोन कट गया और दोबारा बात नहीं हो पाई। उन्होंने उसके नंबर पर 100 रुपए का रिचार्ज कराया और रोमिंग फ्री कराकर फोन किया। इस दौरान उन्होंने मलकियत को रचना को साथ लेकर घर आने को भी कहा, लेकिन उसने यह कहकर फोन काट दिया कि मंगलवार को दोनों परिवार यमुनानगर जाना।

सुबहआठ बजे आई मौत की खबर : मृतकके भाई अनिल कुमार ने बताया कि उनके पास किसी व्यक्ति का फोन आया तो उसने मलकियत और रचना के बारे में बताया था कि दोनों उसके पास हैं। उन्होंने पता पूछा तो उसका कहना था वे पंजाब में हैं। बाद में उसने बताया कि वे यमुनानगर के होटल में ठहरे हुए हैं। इसके बाद वह उस नंबर पर संपर्क नहीं हो पाया। सुबह आठ बजे फिर उसी नंबर पर फोन आया कि दोनों ने सुसाइड कर लिया है।

ये घटना भी हो चुकी है होटल में

यूपीके जिला शामली के प्रेमी जोड़े ने 2011 में वर्कशॉप रोड स्थित होटल में आकर जहर गया। जगाधरी के होटल में प्रेमी ने प्रेमिका की गोली मारकर हत्या की थी।

रूम से एक डायरी मिली है। इसमें मांग के सिंदूर से दोनों ने अपने मरने से पहले दिल की बात लिखी। इसमें लिखा है कि हम दोनों एक दूसरे के बिना नहीं जी सकते, हो सके तो दोनों परिवार माफ करना। जैसे ही पुलिस के हाथ ये डायरी लगी तो एक बार तो ऐसा लगा कि सुसाइड नोट खून से लिखा है, लेकिन बाद में फोरेंसिक टीम ने जांच की तो वह मांग के लिक्विड सिंदूर से लिखा नोट था। दोनों ने सुसाइड का जिम्मेदार खुद को बताया है।

सवाल : कहांगए 70 हजार

मृतकारचना के पिता दिनेश का कहना है कि बेटी घर से 70 हजार रुपए लेकर आई थी, लेकिन उसके पास से सिर्फ 250 रुपए मिले हैं। वहीं पुलिस का भी कहना है कि रूम से 70 हजार रुपए नहीं मिले हैं। एफएसएल की टीम आने पर ही रूम को खोला गया है और रूम की बाकायदा वीडियोग्राफी फोटोग्राफी हुई है। अब यह संशय बना हुआ है कि आखिर 70 हजार रुपए कहां गए हैं।

70 हजार लेकर आई थी घर से

रचनाका पिता दिनेश सिंचाई विभाग में पटवारी है। दिनेश ने बताया कि दस मार्च को बेटी की शादी होनी थी। शादी के लिए घर में तैयारियां चल रही थी। शादी के लिए सामान खरीदना था इसके लिए वह एक लाख रुपए बैंक से निकला कर तीन दिन पहले ही लाया था। रचना उन पैसों में से 70 हजार रुपए घर से लेकर गई थी। उनका कहना है कि बेटी के इस फैसले से परिवार की सारी खुशियां गम में बदल दी हैं।

यमुनानगर. प्रेमीजोड़े द्वारा होटल के कमरे में सल्फास खा लेने के बाद उनके शव ले जाती पुलिस, होटल में पड़े शव मलकियत के पास से मिला उसका ड्राइविंग लाइसेंस।