पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • भारत ने 2011 में जीती पोलियो के खिलाफ लड़ाई

भारत ने 2011 में जीती पोलियो के खिलाफ लड़ाई

7 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
पानीपत | पोलियोको \\\"पोलियोमेलाइटिस\\\' भी कहा जाता है। यह विषाणु जनित रोग है जिससे इसके कारण शरीर के किसी भी हिस्से में पक्षाघात हो सकता है। 13 जनवरी, 2011 को पश्चिम बंगाल के हावड़ा जिले में भारत में 18 माह की बच्ची का अंतिम मामला सामने आया। विश्व में भारत ऐसा देश था जहां से पोलियो का उन्मूलन सबसे मुश्किल माना जाता था। वर्ष 2009 में भारत में पोलियो के पूरी दुनिया में सबसे ज्यादा 741 मामले सामने आएे। 2010 में 42 और 2011 में भारत में सिर्फ 1 मामला सामने आया। उसके बाद लगातार 3 वर्ष पूरे होने के बाद 11 फरवरी 2014 को भारत ने पोलियो के खिलाफ जीत की उपलब्धि हासिल की। पहली पोलियो वैक्सीन पिट्सबर्ग विश्वविद्यालय में 1952 में जोनास सॉल्क द्वारा विकसित की गई थी।

बचावके उपाय : इससेबचने के लिए स्वच्छता सबसे पहला उपाय है। खाना खाने से पहले और शौच के बाद साबुन से हाथ धोना बहुत जरूरी है क्योंकि इस बीमारी का विषाणु मल के संपर्क में आने से ही फैलता है। इसलिए खाद्य एवं पेय पदार्थों को मक्खियों एवं इसी प्रकार के अन्य जीवों से दूर रखना चाहिए।