17 में से 11 मेंबर्स ने छोड़ा ग्रुप, 6 ने पहुंचाया टीवी टैलेंट शो में
एकओर जहां लोग हजारों रुपए खर्च कर अलग-अलग डांस एकेडमी में डांस सीखने के लिए जाते हैं, लेकिन इन सब के बावजूूद डांस में काेई मुकाम नहीं बना पाते। वहीं, शहर में एक ऐसा डांस ग्रुप भी है जो पैसे हाेने के बावज़ूद टीवी देखकर और पार्कों में केवल नंबर कांउटिंग करके डांस स्टेप तैयार कर अपनी प्रैक्टिस करता है। इसी मेहनत और लगन के चलते इंडिया गोट टैलेंट जैसे नामी शो के दूसरे रांउड में ग्रुप अपनी जगह बना चुका है। पंचकूला के रहने वाले डी फाॅर ब्याॅज़ डांस ग्रुप ने ऐसा कर दिखाया है। डी फॉर डांस ग्रुप अब 14 फरवरी को इंडिया गॉट टैलेंट के दूसरे राउंड के लिए अमृतसर जाएगा। चार साल पहले बने डी फॉर बॉयज डांस ग्रुप में 17 लड़के थे लेकिन ग्रुप चलाने के लिए पैसे होने और अपने भविष्य को देखते हुए सभी ने ग्रुप छोड़ दिया। जिनमें से केवल 6 ऐसे थे, जिन्होंने अपने ग्रुप को बनाए रखने का फैसला किया। अमृतसर में हुए इंडिया गॉट टैलेंट के पहले राउंड को क्लीयर करने के बाद अब डी फॉर डांस ग्रुप 14 फरवरी को शो के दूसरे राउंड के लिए अमृतसर जाएगा। इसके लिए वह दिन रात सेक्टर-5 स्थित टाउन पार्क में प्रैक्टिस कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि दूसरे राउंड का सिलेक्शन क्राइटिरिया पूरा करने के लिए अपने आस-पास के लोगों से सहयोग ले रहे हैं।
कई कंपीटिशंस जीत चुका है ग्रुप, कई मेंबर्स फैक्ट्रियों में करते हैं काम
डीफॉर डांस ग्रुप सेक्टर 10 पैक कॉलेज में हुए कंपीटिशन जीता। सेक्टर 23, अंजलि आस्था संस्था और डांस हंट जैसी प्रतियोगिताएं जीत चुका है। डी फॉर डांस ग्रुप एक ऐसा ग्रुप है जिसमें 19 से भी कम वर्ष के लड़के फैक्ट्रियों में काम करके अपने घर के खर्च के साथ-साथ अपने ग्रुप की जरूरतों को भी पूरा कर रहे हैं।
ये हैं ग्रुप में शामिल 6 मेंबर्स
>ग्रुपके मेंबर इमोन थापा सेक्टर 20 के रहने वाले हैं। पिछले तीन वर्षों से जूंबा डांस लोगों को सिखाते हैं और ग्रुप को आगे ले जाने में अहम भूमिका निभा रहे हैं।
>ग्रुप में शामिल प्रदीप उम्र में सबसे छोटे हैं। उनकी उम्र केवल 16 साल ही है, जोकि पिछले 8 वर्षों से टीवी देख कर ही डंास सीख रहे हैं। प्रदीप डांस में ही अपना कर भविष्य बनाना चाहते हैं।
>ग्रुप मेंबर रजित पढ़ाई और डांस के साथ-साथ रात के समय पिछले तीन साल से फैक्टरी में काम करते हैं। अपने घर का खर्च चलाने के लिए सुबह अखबार बांटने का काम भी करते हैं।
>ग्रुप मेंबर संदीप को डांस के लिए उनके घरवालों का विरोध भी झेलना पड़ता है। संदीप को डांस करने के लिए घर से किसी प्रकार का कोई सहयोग नहीं मिलता है।
>ग्रुप मेंबर सूरज शर्मा ने बताया कि पिछले चार साल से डांस फॉम बीबोइंग के इकलौते ऐसे डांसर हैं जिसको एक समय ग्रुप में शामिल करने के लिए मना कर दिया गया था।
>डांस ग्रुप के मेंबर आकाश जोकि अपने पिता की मौत के बाद अपनी छोटी बहन की पढ़ाई और घर चलाते हैं।