जमीन कब्जाने के आरोपों में फंसे सीआईडी के डीआई
गुप्तचरविभाग के जिला निरीक्षक ज्योतिशील भटनागर पर जमीन पर नाजायज कब्जा करने का आरोप लगा है। सैनीपुरा के लोगों ने सीएम के अलावा डीजीपी, एडीजीपी (सीआईडी) आईजी को शिकायत भेजकर कार्रवाई की मांग की है। वहीं, डीआई ने आरोपों को बेबुनियाद बताया है।
सैनीपुरा निवासी बलबीर सिंह, उसके भाई रवि, खजान सिंह, राज सिंह, फूलपति उसका बेटा संदीप, अशोक, महेश, अमरदीप, जगदीप, सरदारी लाल आदि ने मुख्यमंत्री को शिकायत में कहा है कि उनके पूर्वज जोगीराम ने सेठ किशनदास अग्रवाल से 1956 में जमीन खरीदी और शुरू से कास्तकार रहे। उक्त भूमि की रजिस्ट्री में खेवट खसरा नंबर अंकित हैं और वे काबिज भी हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सीआईडी में रोहतक जिला निरीक्षक ज्योतिशील भटनागर कुछ लोगों के साथ मिलकर उक्त भूमि पर जबरन अवैध कब्जा करना चाहते हैं। उन्हें जान से मारने की धमकी मिल रही है। पुलिस अधिकारी भी इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं कर रहे। वे सीएम के रोहतक आगमन पर प्रतिनिधिमंडल के साथ मिलेंगे।
^मामले की जांच पूरी हुए बीस दिन हो चुके हैं। डीआई का कोई कसूर नहीं है। जमीन में उसका हिस्सा है, लेकिन कितना है यह राजस्व विभाग बताएगा। -विजेंद्र सिंह, डीएसपी
^मुझ पर लगाए आरोप बेबुनियाद हैं। आरोपी बेवजह परेशान करने के लिए झूठी शिकायत करते रहते हैं। एक मामले की जांच डीएसपी द्वारा की जा रही थी, जिसमें उनके आरोप साबित नहीं हो सके हैं। डीएसपी की जांच रिपोर्ट के आधार पर मैं शिकायतकर्ताओं के खिलाफ झूठी शिकायत देने का केस कराऊंगा। ज्योतिशीलभटनागर, जिला इंस्पेक्टर- सीआईडी