गैप बढ़ने से खतरनाक हो रहा रोहतक रोड आरओबी
शहरके लोगों के आवागमन के लिए महत्वपूर्ण रोहतक रोड आरओबी की हालत दिनो-दिन खराब होती जा रही है। करीब डेढ़ साल से इसकी मरम्मत की जरूरत महसूस हो रही है पर काम नहीं कराया जा रहा। आरओबी में दो स्लैब के बीच में गैप इतने ज्यादा बढ़ गए हैं कि इस पर आवागमन करते समय जमीन दिखती है। रही सकी कसर दोनों तरफ बने फुटपाथ ने पूरी कर दी है। फुटपाथ पर पैदल चलने भर का रास्ता नहीं है। इस पर लगाई गई टाइल्स टूट गई हैं और राहगीरों को परेशानी पैदा कर रही हैं। लेकिन अधिकारियों द्वारा इसकी मरम्मत के लिए आश्वासन से अधिक कुछ भी नहीं किया जा रहा।
पुरानेवाहनों पर दिल्ली में रोक से बढ़ी परेशानी : रोहतकरोड आरओबी का निर्माण 90 के दशक में किया गया था। इस समय इसकी डिजाइन करीब डेढ़ हजार वाहनों के भार पर आधारित थी। उस समय के हिसाब से यह संख्या भी ज्यादा थी। लेकिन अब इस आरओबी पर इन दिनों करीब चार हजार वाहन रोज आवागमन कर रहे हैं। इसमें सबसे बड़ा कारण एनजीटी द्वारा 10 साल पुराने डीजल वाहनों की दिल्ली में इंट्री पर रोक है। जिस कारण वाहन चालक इस रास्ते का प्रयोग कर रहे हैं। उक्त आरओबी पर 20 टायर वाली ट्रकों का बहुत बढ़ी संख्या में आवागमन हो रहा है। जिस कारण जर्जर आरओबी की हालत और खराब होती जा रही है।
अधिकारी आश्वासन से चला रहे काम : इसआरओबी की मरम्मत के लिए जब नए का निर्माण कार्य शुरू किया गया था, तभी अधिकारियों ने कहा था कि मरम्मत शीघ्र कराई जाएगी। लेकिन आज तक मात्र लोगों को आश्वासन दिया जा रहा है। जिसके कारण पहले ही अपेक्षा स्लैब के बीच में गैप बढ़ गया है। हादसे की आशंका और बढ़ती जा रही है।
^रोहतक रोड आरओबी के पुराने हिस्से की मरम्मत के लिए सर्वे जल्द ही कराया जाएगा। जिसके बाद मरम्मत के लिए कार्य शुरू होगा। चलते ट्रैफिक में मरम्मत कराना मुश्किल है। नए पुल का निर्माण कार्य पूरा होने वाला है। इसके तत्काल बाद पुराने की मरम्मत के लिए टेंडर जारी कर दिया जाएगा। तीन महीने में नया पुल शुरू हो जाएगा।\\\'\\\'एके गोयल,एसई पीडब्ल्यूडी सोनीपत।
रोहतक रोड आरओबी पर दोनों तरफ एक मीटर चौड़ा फुटपाथ बनाया गया है। जो अब काफी जर्जर हालत में हैं। यह हर 10 फीट पर टूट चुका है। टूटा भी ऐसा है कि पूरा रेलवे ट्रैक दिखाई पड़ रहा है। जिसमें कुछ पत्थर और मिट्टी डालकर ढकने का प्रयास किया गया है। लेकिन यह एक दो जगह नहीं कम से कम 18 जगह पर यही स्थिति है। शेष फुटपाथ भी पूरे जर्जर हालात में हैं। जिस पर पैदल राहगीरों को भी चलने में परेशानी हो रही है।
शहर से रोहतक की ओर और रोहतक से शहर की ओर रोजाना करीब चार हजार वाहनों का आवागमन होता है। जिस कारण सुबह और शाम के समय हर दिन जाम की स्थिति बनी रहती है। इसका कारण टूटे रास्ते पर वाहन की रफ्तार होना भी है। विभाग द्वारा बढ़ते ट्रेफिक के दबाव को देखते हुए पुराने आरओबी के साथ में ही नया आरओबी बनाया जा रहा है। लेकिन नए की मरम्मत भी हो जाए तो बेहतर है पर इस तरफ कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
सोनीपत . रोहतकरोड आरओबी जिसकी हालत इन दिनों काफी खराब है।