पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • National
  • 20 नए ड्राइवर तो मिले, पर नए रूट्स के लिए इंतजार पर इंतजार

20 नए ड्राइवर तो मिले, पर नए रूट्स के लिए इंतजार पर इंतजार

5 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
एचआरटीसीकेहमीरपुर डिपो में बेशक 20 नए ड्राइवरों की ज्वाइनिंग का कार्य शुरू हो गया हो, लेकिन लोगों को नए रूट्स पर बसों के लिए अभी भी इंतजार खत्म नहीं होगा। लंबे समय से स्टाफ की कमी का रोना रो रहे इस डिपो की अब हालत यह है कि तो बंद पड़े पुराने रूट्स पूरी तरह से बहाल हो पा रहे हैं ही नए रूट्स पर बसें चलाने को अमलीजामा पहनाया जा रहा है। तीन चार रूट्स पुराने बहाल करके इतिश्री होती दिख रही है। जिसका सीधा लाभ निजी बस ऑपरेटर्स को मिल रहा है। लंबे समय से रूट्स पर चलने के इंतजार में खड़ी बसें धूल फांक रही हैं।

अबयह बनी योजना : निगमकी मानें तो जब तक नए रूट शुरू नहीं किए जाएंगे जब तक स्टाफ पूरा नहीं हो जाता। अब ड्राइवर मिलने के बाद कंडक्टर्स की कमी इस डिपो को खलने लगी है। हालांकि कौशल विकास योजना के तहत 4 दर्जन से ज्यादा ट्रेनी कंडक्टर्स भी अढ़ाई-अढ़ाई माह के लिए ट्रेनिंग के साथ अकेले ही रूट्स पर भी जाने लगे हैं। लोकल कई रूट्स उनके हवाले भी चल रहे हैं। जो बंद पड़े रूट्स हैं उनके आध दर्जन तक को रि स्टोर किया गया है। जिनमें दख्योड़ा-हमीरपुर अमृतसर को जालंधर से आगे गंतव्य तक भेजना शामिल है। इसके अलावा चंडीगढ़ नॉन स्टाप शामिल है।

बेचीबसों के रूट चलेंगे : जीरोवेल्यू की इस डिपो से 15 बसों को बेच दिया गया है। अब यहां करीब 130 बसें रह गई हैं। इन 15 बसों के जो रूट थे अब उन्हें जेएनएनयूआरएम की बसों पर कनवर्ट होने के बाद भी अभी तक नए रूट्स चलाने को हामी नहीं भरी जा सकी है।

कनवर्ट किए रूट्स

^जोबसें बेच दी गई हैं उनके रूट्स नीली बसों में कनवर्ट किए जा रहे हैं। स्टाफ की कमी से नए रूट फिलहाल नहीं चल पाएंगे। 20 नए ड्राइवर्स ज्वाइनिंग दे रहे हैं। कंडक्टर्स की कमी भी है। वैसे जो रूट बंद पड़े हैं उन्हें पहले प्राथमिकता के आधार पर रि स्टोर किया जाएगा। प्रदीपकुमार, आरएम हमीरपुर

खबरें और भी हैं...