स्टाेक्स का एसयूवी लेने से इनकार
कमेटी की थी सिफारिशेंं, नहीं खरीदेंगे वाहन
कमेटीने कई सिफारिशे की थी, इसमें राज्य में नए वाहन खरीदने पर मार्च तक प्रतिबंध लगाने का प्रस्ताव भी शामिल था। इसे मंजूर करना तो दूर राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में रिसोर्स मोबलाइजेशन कमेटी के लिए ही एक वाहन खरीदने के लिए मंजूरी दे दी है। लग्जरी वाहन की कीमत 12 से 15 लाख के बीच में बताई जा रही है।
भास्कर न्यूज| शिमला
रिसोर्समोबलाइजेशन कमेटी की अध्यक्ष ने एसयूवी गाड़ी लेने से इंकार कर दिया है। कमेटी की अध्यक्ा विद्या स्टोक्स का कहना है कि उन से इस संबंध में पूछा गया है, और ही उन्होंने गाड़ी की कोई डिमांड की थी। सरकार की तरफ से पहले ही दो गाडिय़ां दी है। इन में एक कैमरी कार उन के लिए हैं, दूसरी उन के पर्सनल स्टाफ के लिए। तीसरी गाड़ी की कोई जरूरत ही नहीं है।
कमेटी का कार्य वित्तीय संसाधन जुटाने के लिए सुझाव देना है। कमेटी व्यर्थ के खर्चों में कटौती पर सुझाव देना हैं, खुद व्यर्थ खर्चे करना नहीं। स्टोक्स ने कहा कि मुख्यमंत्री से इस संबंध में मिलेगी मामले को उठाएंगी। जब गाड़ी की जरूरत ही नहीं तो प्रस्ताव शामिल ही नहीं करना चाहिए था। पिछले सप्ताह आयोजित राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में रिसोर्स मोबलाइजेशन कमेटी की अध्यक्षा को एसयूवी गाड़ी खरीदने की मंजूरी दी थी।
स्टोक्स ने कहा कि वह वेतन भी नहीं लेती। व्यर्थ खर्चे करना तो दूर। मुख्यमंत्री ने उन्हें कमेटी के अध्यक्ष की जिम्मेवारी सौंपी है। सभी सदस्यों से विचार विमर्श कर अपनी रिपोर्ट देगी।
राज्य में कांग्रेस सरकार बनने के बाद सभी मंत्रियों को नई गाडिय़ां खरीदी गई। 25 लाख की कैमरी गाडिय़ां मंत्रियों को दी गई है। इस के अलावा पर्सनल स्टाफ को इनोवा गाड़ी मिली है। वन मंत्री ठाकुर सिंह भरमौरी अपनी कैमरी गाड़ी पहले ही लौटा कर नई गाड़ी ले चुके हैं। उन का तर्क था भरमौर की भूगौलिक परिस्थितियों के अनुरूप यह गाड़ी ठीक नहीं है। सरकार ने उन्हें स्पोर्टस कार फॉरच्यूनर खरीद कर दी है। कैमरी गाडिय़ां केवल महंगी है बल्कि इस की माइलेज काफी कम हैं।
कमेटीने दी थी सिफारिशें
>खर्च कम करने के लिए मार्च 2015 तक नए वाहनों की खरीद प्रतिबंध
>आय बढ़ाने के लिए सरकारी विभागों की खाली पड़ी जमीन को लीज पर दे कर सरकार की आय बढ़ेगी