शिमला. लॉसएंजल्स में प्रस्तावित वर्ल्ड गेम्स स्पेशल ओलिंपिक में प्रदेश के छह स्पेशल बच्चे हिस्सा लेंगे। चार सालों बाद 25 जुलाई से शुरू होने वाली इन खेलों में देश भर से 300 खिलाड़ी हिस्सा लेंगे। इन खिलाड़ियों का चयन नेशनल गेम्स में खेल के बेहतर प्रदर्शन के अलावा दो स्तरीय चयन प्रक्रिया के आधार पर हुअा है। स्पेशल ओलिंपिक गेम्स में खिलाड़ियों के चयन के लिए
हैदराबाद और बरेली में स्पेशल कैंप लगाए गए थे। दोनों कैंपों में प्रदेश के खिलाड़ियों ने बेहतर प्रदर्शन किया। अब इनका आखिरी कैंप पानीपत में होगा, जो मात्र ट्रायल होगा। स्पेशल ओलिंपिक इंडिया के एरिया डायरेक्टर परीक्षित सूद ने बताया कि स्पेशल ओलिंपिक खेलों के लिए हिमाचल के छह खिलाड़ियों के चयन होने की प्रक्रिया लगभग पूरी हो चुकी है।
अमेरिका के लास एंजल्स शहर में वर्ल्ड स्पेशल ओलिंपिक गेम्स 25 जुलाई से 2 अगस्त तक चलेंगी। इन खेलों में 171 देशों के 7 हजार से अधिक खिलाड़ी भाग लेंगे। स्पेशल ओलिंपिक में 20 खेलों की प्रतियोगिताएं करवाई जाएंगी। इससे पहले ये गेम्स वर्ष 2011 में हुई थी।
खिलाड़ियों का रहा है बेहतर प्रदर्शनः स्पेशलओलपिंक इंडिया के प्रोग्राम मेनेजर अजय शर्मा ने बताया कि हिमाचल के छह स्पेशल बच्चों का विभिन्न खेलों में बेहतर प्रदर्शन रहा है। इन खिलाडि़यों ने चयन के लिए लगाए गए दोनों स्पेशल कैंपों को भी पास कर लिया है और इनमें बेहतर प्रदर्शन के आधार पर ही इनका चयन होना तय हो चुका है।
इन खिलाडियों का किया गया है चयनचंबा की सलोचना का पावर लिफ्टिंग में, ऊना की विशाखा का एथलेटिक्स में और पलक का रोलर स्केटिंग में, मंडी के राहुल का फुटबॉल में, बिलासपुर के राकेश और कांगड़ा के कृष्ण का हैंडबॉल टीम में चयन हुआ है। खिलाड़ियों के साथ कोच निर्मल ठाकुर भी लॉस एंजल्स जाएंगे। खिलाड़ियों ने नेशनल गेम्स में बेहतर प्रदर्शन किया था। इसके आधार पर स्पेशल ओलिंपिक इंडिया ने इनका चयन िकया है।