हिंदी के सतत विकास पर प्रकाश डाला
भारतीयउच्च अध्ययन संस्थान में हिंदी दिवस मनाया गया। समारोह में संस्थान के सभी अध्येता, सह-अध्येता, अधिकारी कर्मचारी उपस्थित थे। संस्थान के निदेशक प्रो. चेतन सिंह ने अपने भाषण में हिंदी के सतत विकास विकास पर प्रकाश डाला। उत्तराधुनिक दौर में हिंदी की विकास प्रक्रिया के समक्ष खड़ी चुनौतियों का भी उल्लेख किया। संस्थान के राष्ट्रीय अध्येता हिंदी जगत के जाने-माने कवि राजेश जोशी ने इस अवसर पर कहा भले ही कोई हिंदी-दिवस समारोह को लेकर कितनी भी आलोचनाएं करे, हिंदी हमारी राष्ट्रीय अस्मिता और अपनी भाषा है। इस दिवस को मजबूरी में नहीं बल्कि बड़ी खुशी से मनाना चाहिए। हिंदी साहित्य की हर विद्या में निरंतर विकास हो रहा है। कोई किसी अन्य भाषा का दिवस मनाना चाहे तो इसमें कोई ऐतराज नहीं है।
शिमला | एजी कार्यालय में हिंदी पखवाड़ा सोमवार से शुरू हुआ। कार्यालय में प्रधान महालेखाकार आरएम जौहरी ने पखवाड़े का शुभारंभ किया। इस दौरान कविता पाठ, निबंध लेखन और वाद विवाद जैसी प्रतियोगिताएं शुरू हुई। कार्यक्रम में कार्यालय के लगभग दो सौ कर्मचारियों ने भाग लिया। एजी ऑफिस महिला कल्याण समिति की अध्यक्ष मृदुला सूद का कहना है कि हिंदी पखवाड़े के दौरान कई तरह की प्रतियोगिताएं करवाई जा रही है। जिसमें कर्मचारी और अधिकारी वर्ग भाग ले रहे है। उनका कहना है कि हिंदी भाषा को बढ़ावा देने के लिए इस तरह के कार्यक्रम काफी फायदेमंद साबित होते है। इससे जहां हिंदी भाषा को बढ़ावा मिलता है, वहीं हिंदी में कामकाज करने के लिए भी कर्मचारियों को प्रेरणा मिलती है। राष्ट्र भाषा हिंदी को बढ़ावा देने के लिए हम भी को आगे आना होगा। कार्यक्रम में सुषमा शर्मा, पूनम ठाकुर, नेत्र चौहान, उमेश शर्मा, उमान सिंह, शशि, दीपा चौहान, अनुराधा सूद भी मौजूद थे।
एजी में हिंदी दिवस के कार्यक्रम में भाग लेते मुख्यातिथि और अन्य अधिकारी।