जलवायु परिवर्तन जानकारी केंद्र खुलेगा
प्रदेशकी जलवायु परिवर्तन के बारे में अब लोगों को पूरी जानकारी मिल सकेंगी। पर्यावरण विज्ञान एवं तकनीकी विभाग प्रदेश में शीघ्र जलवायु परिवर्तन जानकारी केंद्र स्थापित करने जा रहा है। यह अपनी तरह का पहला ऐसा केंद्र होगा जहां लोगों पर लोगों को ऐसे परिवेश में ढलने की जानकारी दी जाएगी जो जलवायु परिवर्तन के अनुकूल होगी। विभाग ने इस केंद्र को प्रदेश में स्थापित करने के लिए एक प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजा था जिसे केंद्र सरकार ने मंजूर कर दिया है।
इस केंद्र की स्थापना के लिए केंद्र ने विभाग के लिए साढ़े तीन करोड़ रुपए भी मंजूर कर दिए हैं। जो विभाग को मिल चुके है। विभाग इस केंद्र में जलवायु परिवर्तन पर काम कर रहा है। वैज्ञानिकों से प्रदेश भर के मौसम की जानकारी हासिल करके उसे इस केंद्र में एकत्रित करेगा। विभाग यहां पर जलवायु परिर्वतन की जानकारी एकत्रित करके इस केंद्र को एक हब के रूप में इस्तेमाल में लाएगा। विभाग ने यह प्रोजेक्ट जलवायु परिवर्तन के कारण लोगों के जीवनयापन पर पड़ रहे असर को देखते हुए तैयार किया है। जलवायु में तेजी से रहे बदलाव को देखते हुए लोग क्या करें और क्या करे इस केंद्र में लोगों को वो सारी जानकारी प्रदान की जाएगी जिसके बाद वह खेती बाड़ी से लेकर अपने व्यवसाय और रोजमर्रा के काम में बदलाव ला कर अपने काे उस मौसम के अनुकूल बना सके।
शिमलामें होगा केंद्र
यहजानकारी केंद्र शिमला के यूएस क्लब स्थित विभाग के कार्यालय में ही स्थापित किया जाएगा यहां पर प्रदेश भर से आने वाले लोगों को उनके क्षेत्र में तेजी से जलवायु में रहे बदलाव और उसके अनुरूप ढलने की जानकारी प्रदान की जाएगी।
दीजाएगी जानकारी
इसकेंद्र में लोगों को बताया जाएगा की वह वर्षा के जल को किस तरह और क्यो संरक्षित करे वर्षा जल को सदुपयोग में लाने के लिए क्या तकनीक अपनाए ताकि लंबे समय तक पानी की उपयोगिता को बना कर रखा जा सके।
लोगोेंके पास होगा विकल्प
इसकेंद्र के खुलने के बाद प्रदेश में लोगों के पास अडाॅप्शन का विकल्प होगा। प्रदेश के जिस क्षेत्र की जो जलवायु होगी वह उसी के अनुरूप अब पैदावार कर सकेगा। प्रदेश में सेब उत्पादित क्षेत्रों में जलवायु परिवर्तन के साथ बागवान किस की खेती करे। इस केंद्र में उन्हें सारी जानकारी उपलब्ध करवाई जाएगी।