हमीरपुर. हिमाचल तकनीकी यूनिवर्सिटी हमीरपुर में भर्तियों में भ्रष्टाचार के आरोपों की विजिलेंस िवंग ने जांच शुरू कर दी है। भर्ती और रेनोवेशन के कामों में हुई गड़बड़ियों को लेकर विजिलेंस ने यूिनवर्सिटी के खिलाफ चार अक्टूबर को एफआईआर दर्ज की थी। अब जांच का िसलसिला शुरू हो गया है।
भर्ती मंे गड़बड़ियों को लेकर विजिलेंस हेडक्वार्टर में एक लिखित शिकायत की गई थी। विंग ने यूनिवर्सिटी से वर्ष 2011-12 में जितनी भी कैटािगरी की भर्तियां रेग्युलर, डेलीवेज या अनुबंध आधार पर हुई हैं, उसका िरकॉर्ड ले लिया है।
इलेक्ट्रिकल रेनोवेशन खर्च की पड़ताल भी शुरू
चार साल पहले खुली यूनिवर्सिटी को बडू से शहर में पुराने एसडीएम कार्यालय मंे शिफ्ट किया गया। इसके रेनोवेशन के काम पर 33 लाख रुपए खर्च किए गए। करीब 10 लाख रुपए इलेक्ट्रिकल रेनोवेशन खर्च किए गए हैं। इस खर्च को लेकर भी गड़बड़ियों के आरोप लगाए गए हैं। विजिलेंस ने रेनोवेशन से जुड़ा रिकॉर्ड भी खंगालना शुरू कर दिया है। पीडब्ल्यूडी के इलेक्ट्रिकल विंग के माध्यम से आगे काम करवाए गए थे। टेंडर प्रक्रिया जांची जा रही है।
इन बिन्दुओं पर जांच
विजिलेंस के अधिकारी इस बात की पड़ताल कर रहे हैं कि भर्तियां यूनिवर्सिटी द्वारा अपने स्तर पर की हैं या फिर सरकार की तरफ से इन्हें निकाला गया था। कितनी पारदर्शिता बरती गई। किसी को अनुचित लाभ तो नहीं दिए गए हैं।
भाजपा कार्यकाल में खुली
यूनिवर्सिटी पिछले भाजपा शासनकाल में यहां खुली थी। विजिलेंस ने एफआईआर दर्ज होने के बाद रिकॉर्ड जांच के लिए मांगा था। करीब दो माह बाद जांच की कवायद शुरू हो गई है।