शिमला. भगवान रघुनाथ मंदिर से रघुनाथ और उनके दूत हनुमान सहित सालिगराम, गणेश और नरसिंह भगवान की दुर्लभ मूर्तियां चोरी मामले में पुलिस के हाथ एक अहम सुराग लगा है।
पुलिस को सीसीटीवी कैमरे की फुटेज खंगालते हुए ऐसा सुराग मिला है जिससे इस घटना से पर्दा उठ सकता है। शहर में लगे सीसीटीवी कैमरा में कैमरा नंबर-4, 8 और 16 में तीन संदिग्ध युवक कैद हुए हैं। कैमरे में कैद हुए तीन युवक उस रात को संदिग्ध रूप से घूमते हुए पाए गए हैं जिस 8 और 9 दिसम्बर की रात को यह घटना घटित हुई है।
जांच के लिए एसआईटी का गठन एएसपी निहाल चंद की अध्यक्षता में किया है। इसमें डीएसपी आनी सुरेश चौहान, इंस्पेक्टर पीएस कुल्लू नील चंद, एएसएचओ कुल्लू जितेंद्र, एसआई अंकुर सहित हेड कांस्टेबल सीआईडी हेडक्वार्टर शिमला राजीव शामिल हैं।
रस्सी में भी सुराग
एडीजी संजय कुंडू के अनुसार पुलिस को जो रस्सियां घटनास्थल से मिली हंै उनमें एक रस्सी 11 फुट लंबी और 15 गांठ डाली है। दूसरी रस्सी 22 फुट लंबी है इसमें 13 गांठें डाली हैं। इन रस्सियों में डाली गई गांठों के पास से फिंगर प्रिंट्स लिए हैं। इससे से भी गुत्थी को सुलझाने में मदद मिल सकती है।
ऐसा है संदिग्धों का हुलिया
पहला युवक: नीली हुड वाली जैकेट, लाल टीशर्ट, काली जिन्स, स्पोर्ट्स शूज पहने हैं। ये दिखने में दुबला-पतला है।
दूसरा युवक: ग्रे जैकेट, क्रीम रंग की पैंट, ब्लैक स्पोर्ट्स शूज पहने हैं।
तीसरा युवक: मंकी कैप और व्हाइट ग्रीन स्ट्रीफ तथा ब्लू जीन्स पहनी है।
अहम हो सकता है सुराग : एडीजीपी
एडीजी ला एंड आर्डर संजय कुंडू का कहना है कि जो तीन युवक सीसीटीवी कैमरे में कैद हुए हैं वे युवक इस घटना से जुड़ेे हो सकते हैं। फिलहाल सीसीटीवी कैमरे से मिली फुटेज के आधार पर पुलिस ने अपनी जांच आगे बढ़ा दी है। सीसीटीवी कैमरे से मिले इस सुराग से इस चोरी की घटना सुलझाने में सहायता मिल सकती है।