बगदाद। इराक में इस्लामिक स्टेट ने चार ईसाई बच्चों का सिर कलम कर दिया। आतंकियों द्वारा दबाव बनाए जाने के बाद भी बच्चों ने इस्लाम कबूल करने से मना कर दिया था। यह दावा एक ब्रिटिश पादरी कैनन एंड्रयू व्हाइट ने किया।
व्हाइट ने बताया कि मारे गए बच्चों ने 'मोहम्मद' का अनुसरण करने से मना कर दिया था। आतंकियों ने बच्चों से कहा कि बोलो तुम मोहम्मद का अनुसरण करोगे। बच्चों ने मना कर दिया। उन्होंने कहा कि हम यीशू से प्यार करते हैं और उसी के साथ ही रहेंगे। इतना सुनते ही आतंकियों ने उनके सिर काट डाले। सभी बच्चे 15 साल से कम उम्र के थे।
कैनन व्हाइट
इराक में इकलौते ईसाई नेता हैं। उन्हें भी सुरक्षा के लिहाज से देश छोड़ने का आदेश दिया गया है। उन्होंने बताया कि बगदाद में स्थिति बड़ी खराब हो चुकी हैं। इस्लामिक स्टेट बगदाद को धीरे-धीरे अपने कब्जे में ले रहा है। हजारों लोग मारे जा रहे हैं। वे बच्चों को काट रहे हैं और उनके सिर कलम कर रहे हैं। उत्तर में हालात और भी बुरे हैं।
इस्लाम कबूलने का दबाव
इस्लामिक स्टेट ईसाई समुदाय से धर्मपरिवर्तन करने का दबाव बना रहा है। व्हाइट ने बताया कि सुन्नी आतंकी एक वयस्क व्यक्ति को इस्लाम कबूलने के लिए कहते हैं और कबूल न करने पर उसके सारे बच्चे मारे डालने की धमकी भी देते हैं।