बचना इनसे... ये कुत्ते काट खाते हैं
> वाहन के पीछे लगते हैं दौड़ने, दुर्घटना के शिकार होते हैं लोग
> आए दिन कुत्ता काटने की घटना से घायल हो रहे हैं लोग
> हर माह 20 से 25 लोग टीका लगाने आते हैं अस्पताल
भास्कर न्यूज | बोकारो
चासऔर बोकारो शहरवासी इन दिनों आवारा कुत्तों से काफी परेशान हैं। ये कुत्ते लोगों को कहीं काट लेते हैं, तो कहीं दौड़ाने लगते हैं। सड़कों पर आवारा कुत्तों की भरमार रहती है। आवारा कुत्तों के कारण सड़कों पर वाहन चलाना मुश्किल होता जा रहा है। वाहन के पीछे अचानक झपट्टा मारकर दौड़ने और भौंकने लगते हैं। इससे लोग दुर्घटना के शिकार हो जाते हैं। कुत्तों के कारण हर दिन कई लोग दुर्घटना के शिकार हो रहे हैं। वहीं हर माह 20 से 25 लोग कुत्तों के काटने से घायल होते हैं। सरकारी अस्पतालों में हर माह 20 से 25 लोग टीका लगवाने आते हैं, जबकि निजी अस्पतालों या क्लिनिकों में टीका लगाने वालों की जानकारी नहीं हो पाती है।
शहरमें कई जगह कुत्तों का जमावड़ा
शहरमें कई जगह कुत्तों का जमावड़ा रहता है। रात में ये कुत्ते ज्यादा परेशान करते हैं। पत्थर कट्टा चौक से सेक्टर चार मेन रोड, सेक्टर एक राम मंदिर के पीछे, बीजीएच के बाहर, लक्ष्मी मार्केट, सेक्टर 12 मोड़, सेक्टर नौ हटिया मोड़, चास के धर्मशाला मोड़ से आईटीआई मोड़ तक, जोधाडीह माेड़, बाईपास रोड सहित कई जगहों पर कुत्तों का जमावड़ा रहता है। यहां आए दिन कुत्तों के कारण लोग दुर्घटनाग्रस्त होते रहते हैं।
नगरपरिषद और नगर प्रशासन को सुध नहीं
चासमें नगर परिषद और बोकारो में नगर प्रशासन इन आवारा कुत्तों से निपटने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठा रहे हैं जबकि जमशेदपुर में आवारा कुत्तों को पकड़ने की व्यवस्था है। नगर प्रशासन और नगर परिषद आवारा कुत्तों को पकड़कर जंगल में छोड़ने की व्यवस्था करते तो इस समस्या से लोगों को निजात मिल जाती, लेकिन ऐसा नहीं किया जाता है जिससे लोगों में काफी आक्रोश देखा जा रहा है।
केस स्टडी : एक
शुक्रवारको कृष्णापुरी निवासी संदीप कुमार रात को अपनी बाइक से धर्मशाला चौक से अपने घर की ओर जा रहे थे। इसी दौरान वंशीडीह मोड़ के पास अचानक तीन चार कुत्ते एक साथ उनकी बाइक पर झपट पड़े। वे बाइक से गिरकर घायल हो गए। वे घर जा रहे थे लेकिन अस्पताल जाना पड़ा।
केसास्टडी : दो
शनिवारको कोलबेंदी गांव के कार्तिक गुई को एक कुत्ते ने काटकर गंभीर रूप से जख्मी कर दिया