त्रिपक्षीय वार्ता के निर्णय का विरोध
बोकारो| मजदूरसंगठन समिति बोकारो शाखा ने बैठक कर विधायक द्वारा की गई त्रिपक्षीय वार्ता के निर्णय का विरोध किया है। विधायक को विधानसभा में विस्थापितों के हक के लिए बात करनी चाहिए। वे बीएसएल प्रबंधक का एजेंट बनकर विस्थापितों को बरगलाने का काम कर रहे हैं। समिति ने विरोध करते हुए कहा कि केंद्र एवं राज्य सरकार में भाजपा की सरकार है। भाजपा अगर विस्थापितों का हितैषी है तो विस्थापन नीति बनाए ताकि विस्थापितों को उचित नियोजन एवं मुआवजा मिल सके। भूमि अधिग्रहण अधिनियम 2013 के तहत सरप्लस जमीन विस्थापितों की हो गई है और उस पर सांसद बीएसएल के सहयोग से पौस्को प्लांट लगाने की बात कर रही है। जब तक विस्थापितों को उचित मुआवजा नियोजन नहीं मिलेगा, विस्थापित कोई भी प्लांट नहीं लगने देंगे।