हीरापुर से तीन बच्चों का अपहरण
अपहर्ताओं के चंगुल से भागा छात्र
निरसाथाना क्षेत्र के खासबेजना से 11 सितंबर को अपहृत सूरज पांडेय कोलकाता में अपहर्ताओं के चंगुल से भाग सकुशल घर पहुंच गया। घर पहुंचने की जानकारी निरसा थाना पुलिस को दे दी गई है। हालांकि अपहर्ताओं के डर से पिता कृष्ण मुरारी साला के घर हीरापुर में सूरज को रख दिए हैं।
अपहर्ताने गेट खोला और भाग निकला सूरज
सूरजने बताया कि वह 11 सितंबर को शौच करने सुबह घर से निकला था। मुंह में कपड़ा दबा कर उसे बेहोश कर दिया और चारपहिया गाड़ी से अपहर्ता कोलकाता ले गए। जब उसे होश आया तो 50 बच्चों के बीच में बड़ा कमरे में था। उसने एक बोर्ड में देखा कि कोलकाता लिखा है। जब एक अपहर्ता गेट खोला, तो उसने उसे धक्का देकर भाग निकला। उसके बाद सभी बच्चे भागने लगे। भवन से निकलने बाद सड़क पर पहुंचा। सभी हावड़ा स्टेशन पहुंचे। स्टेशन में सभी बच्चे ट्रेन में चढ़ गए। वह भी चढ़ गया।
फिर वह दक्षिणेश्वरी पहुंच गया, जहां एक मुस्लिम वृद्ध व्यक्ति मिला। उसने मसजिद में रखा और दूसरे दिन जम्मूतवी से कुमारधुबी लाया और वहां से घर पहुंचा दिया। मुस्लिम व्यक्ति गोविंदपुर का रहने वाला है।
एयरपोर्ट ले जाकर बैग बदलने को कहा
सूरजने कहा कि 11 सितंबर को शाम में अपहर्ता उसे एयरपोर्ट ले गए और वहां एक बैग को अदला बदली करने को कहा। जबकि उसने नहीं की। अपहर्ता उसे उसी भवन में ले जाए और बड़ा कमरे में रख दिया। वह राजकीय मध्य विद्यालय के कक्षा 6 का छात्र है। घरवालों ने कहा निरसा पुलिस घर पहुंच कर हाल चाल लिया, फिर लौट गई। पुलिस की कार्रवाई से घरवाले संतुष्ट नहीं है।
बरामद छात्र सूरज पांडेय।