पूर्व डिप्टी मेयर ने कहा- जान मार देंगे, महाप्रबंधक ने दिया इस्तीफा
बीसीसीएल जीएम ने थाने में मामला दर्ज कराया, मांगी पुलिस सुरक्षा
भास्कर न्यूज | झरिया/चासनाला
सुदामडीहमेन कॉलोनी स्थित न्यू इस्ट भौंरा में घटित जमींदोज की घटना के बाद चल रही मुआवजे की राजनीति ने मंगलवार को नया मोड़ ले लिया। मुआवजा मांगने पहुंचे पूर्व डिप्टी मेयर नीरज सिंह और उनके समर्थकों पर इजे एरिया के महाप्रबंधक आरबी कुमार ने दुर्व्यवहार करने, सरकारी काम में बाधा डालने और जान मारने की धमकी देने का आरोप लगाया। महाप्रबंधक ने इस्तीफा दे दिया। उन्होंने सुदामडीह थाना में शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने पूर्व डिप्टी मेयर नीरज सिंह, सुग्रीव सिंह मुन्ना सिंह सहित उनके 20 समर्थकों पर मामला दर्ज किया है। इधर, महाप्रबंधक को मिली धमकी के खिलाफ कोल माइंस ऑफिसर्स एसोसिएशन ने मोर्चा खोल दिया। बुधवार को इसे लेकर सेंट्रल कमेटी की बैठक होगी। बैठक में आरोपी नेताओं के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग को लेकर आंदोलन की रणनीति बनाई जाएगी।
धमकी...दबाव और दुर्व्यवहार। महाप्रबंधक इससे परेशान हो गए थे। नीरज की बात मान 1.50 लाख मुआवजा देते तो संजीव नाराज हो जाते और 1.50 लाख मुआवजा नहीं देते तो नीरज नाराज हो जाते। इस स्थिति से परेशान महाप्रबंधक ने शाम में बीसीसीएल के अधिकारियों के साथ बैठक की, आपबीती सुनाई और निर्णय लिया कि वे इस हालात में कंपनी की सेवा नहीं कर सकते। उन्होंने सीएमडी को ई-मेल के जरिए इस्तीफा भेज दिया।
मंगलवार को पूर्व डिप्टी मेयर नीरज सिंह समर्थकों के साथ महाप्रबंधक कार्यालय भौंरा पहुंचे। महाप्रबंधक के साथ वार्ता शुरू हुई। जीएम ने मुआवजा राशि को 40 से बढ़ाकर 50 हजार कर दिया। जीएम का कहना है कि इसके बावजूद उनके साथ अभद्र व्यवहार किया गया। महाप्रबंधक को धमकी दी गई। घर, गाड़ी और जेवरात बेचकर डेढ़ लाख रुपए भुगतान करने का दबाव बनाया गया।
सुदामडीह मेन कॉलोनी स्थित न्यू इस्ट भौंरा में जमींदोज की घटना पर नेताओं ने मुआवजे की राजनीति तैयार की। मृतका जीरा देवी के आश्रित को मुआवजा दिलाने को लेकर पूर्व डिप्टी मेयर नीरज सिंह विधायक संजीव सिंह के बीच होड़ मच गई। संजीव ने 40 हजार मुआवजा पर सहमति बना कर कॉलर चमकाया तो नीरज ने 1.50 लाख मुआवजा दिलाने की घोषणा कर संजीव की राजनीति को फीका कर दिया।
सुदामडीह मेन कॉलोनी स्थित न्यू इस्ट भौंरा में मंगलवार को भी भराई कार्य नहीं हुआ। भराई करने पहुंचे अभियंता अशोक सिंह के साथ मारपीट की गई। उन्हें घटना स्थल से भगा दिया गया। पूरे दिन नेताओं का आना जाना लगा रहा। मुआवजा की मांग और पुनर्वास का मुद्दा छाया रहा। कोकसं के महामंत्री समरेश सिंह ने प्रबंधन, जेरेडा और डीजीएमएस को कटघरे में खड़ा किया। घोषणा की कहा कि बुधवार को धनबाद के सीजीएम कोर्ट में संघ के केन्द्रीय उपाध्यक्ष कृपा शंकर मुखर्जी, महाप्रबंधक आरबी कुमार, परियोजना पदाधिकारी, डीजीएमएस के अधिकारियों के विरूद्ध सीपी केस दायर करेगा।