पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • डीबी स्टार . धनबाद

डीबी स्टार . धनबाद

7 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
डीबी स्टार . धनबाद

दिगंतपथ और राष्ट्रीय स्वाभिमान आंदोलन ने झारखंड में होने वाले विधानसभा चुनावों में स्वच्छ छवि और सादगीपसंद व्यक्ति को ही चुनने की अपील मतदाताओं से की है। दोनों संगठनों ने विधानसभा चुनाव को नव निर्माण उत्सव के रूप में मनाने और घर आकर वोट मांगने वालों से सवाल करने की अपील की है। दिगंत पथ के संस्थापक शैलेंद्र ने कहा कि विधानसभा चुनाव को लेकर जनता को जागरूक करने के लिए चेतना अभियान की शुरुआत की गई है। इसके तहत घोषणापत्र भी जारी किया गया है। इसमें उन मुद्दों को उठाया गया है, जो आज झारखंड के लिए प्रासंगिक है। राज्य गठन के 14 साल गुजर जाने के बाद भी सूबे का विकास क्यों नहीं हुआ और इसके लिए कौन जिम्मेवार है, यह भी उठाया गया है। अभियान के तहत आमजनों के साथ राजनीतिक दलों से इस घोषणा पत्र को अपने एजेंडे में शामिल करने की अपील की जा रही है।

दिगंत पथ ने शुरू किया चेतना अभियान, जनता से की अपील

अापराधिक चरित्र वालों को ठुकराएं

घोषणापत्रमें मतदाताओं से सादगी पसंद और स्वच्छ छवि के उम्मीदवार को प्राथमिकता देने का आग्रह किया गया है। पत्र में कहा गया है कि इस बार उन्हीं को विधायक बनाएं, जो सादगी से रहने की लिखित घोषणा करें। विकास मद में विधायकों को मिलने वाली राशि के दुरुपयोग को भी रोकना होगा। उन्हीं की चुनें, जो घोषणा करे कि वे विधायक मद की राशि को पारदर्शी ढंग से खर्च करेंगे। इस बार अपराधी, चरित्रहीन और साम्राज्यवादियों को मौका दें। उन्हें पूरी तरह नकार दें। राज्य बने 14 साल हो गए, लेकिन अभी तक इस प्रदेश की कृषि नीति नहीं बन पाई है। गांव में वोट मांगने आने वाले प्रतिनिधियों से यह सवाल करें। जल प्रबंधन और भूमि के समतलीकरण से झारखंड की गरीबी दूर हो सकती है। शैक्षणिक दशा सुधारने के लिए आपके पास क्या विजन है, विधायक बनते हैं तो क्या करेंगे। खनिज संपदा की लूट को रोकना होगा और देव नगरी बाबाधाम को सांस्कृतिक केंद्र के रूप में विकसित किया जाए और कांवरिया पथ को पर्यटन स्थल बनाया जाए।

बनाए गए 21 केंद्र | चेतना अभियान को लेकर जारी पर्चा के वितरण के लिए दिगंत पथ की ओर से 21 केन्द्र बनाए गए हैं। इन केन्द्रों से पर्चा गांव-गांव पहुंचाया जा रहा है और ग्रामीणों को इस अभियान से जोड़ा जा रहा है। टुंडी, गोविंदपुर, बलियापुर, तोपचांची, पंचेत, झरिया, धनबाद और बोकारो के दुग्द