धनबाद। कर केंद स्थित नेहरू उद्यान के सौंदर्यीकरण की मांग धीरे- धीरे जोर पकड़ने लगी है। स्थानीय लोगों के साथ-साथ केन्दुआ, करकेंद और आसपास के व्यापारी, दुकानदार और आमजन गोल बंद होने लगे हैं। लोगों में पार्क की उपेक्षा को लेकर नाराजगी भी बढ़ती जा रही है।
लोगों का कहना है कि आमजन के वोट से सांसद और विधायक बनने वाले जनप्रतिनिधियों की चुप्पी आने वाले दिनों में काफी महंगी पड़ेगी। जनता ने क्षेत्र के विकास के लिए उन्हें अपना प्रतिनिधि चुना है। उन्हें इस दिशा में पहल करनी चाहिए। नगर निगम और बीसीसीएल को भी इस दिशा में ठोस पहल करनी चाहिए। यह क्षेत्र का इकलौता पार्क है। हर हाल में इसे जीवित करना होगा।
पौधा रोपण से ही हो इसकी शुरुआत
हरियाली समाप्त होने के कारण ही पार्क और अधिक वीरान लग रहा है। सबसे पहली कोशिश हरियाली लाने की होनी चाहिए। इसके लिए स्थानीय स्तर पर प्रयास किया जाए और कम से एक हजार फूल और पौधे लगाए जाएं। पार्क के लिए यह अभियान जरूरी है।’’ रितेशनारनोली
पार्क का जीर्णोद्घार हर हाल में जरूरी
सौंदर्यीकरण बहुत जरूरी है। यह लोगों से जुड़ा मसला है और इसके लिए नगर निगम या फिर बीसीसीएल को ठोस पहल करनी चाहिए। क्षेत्र के कारोबारियों को भी इसके लिए आगे आना होगा। इंतजार में बैठे रहने से पार्क का जीर्णोद्घार नहीं हो सकता है।’’ अजयअग्रवाल
बच्चों के साथ हो रहा है अन्याय
इस इलाके के बच्चों के लिए यही पार्क एकमात्र मनोरंजन स्थल है। इसकी वीरानी ने बच्चों को घर और मुहल्लों में कैद रहने के लिए विवश कर दिया है। इस पार्क की अनदेखी बच्चों के साथ अन्याय है। समाज के सभी वर्ग को इस ओर गंभीरता से पहल करनी चाहिए।’’ चंचलसिंघल
बीसीसीएल कराए पार्क का निर्माण
पार्क के सौंदर्यीकरण कार्य के लिए अगर बीसीसीएल एनओसी नहीं दे रहा है तो वहीं इस पार्क का जीर्णोद्घार कराए। इलाके को प्रदूषित भी बीसीसीएल ही कर रही है। यह उसका नैतिक दायित्व भी है की वह सीएसआर के तहत इस पार्क को फिर से सुंदर बनाए।’’ हरीशअग्रवाल