जमशेदपुर। ‘पापा, मैं तीन घंटे में घर आ जाऊंगा, यह कहकर शुभम गया था। लेकिन कल उसके दुर्घटना में घायल होने की खबर मिली। इसके बाद रात में मेरा गोलू हमेशा के लिए चला गया...।’ यह कहते-कहते शुभम् के पिता शशिप्रकाश वर्मा के आंखों से आंसू छलक गए।
जुबिली पार्क जाने की बात कही थी
बकौल शशि, शुक्रवार की सुबह शुभम् ने जुबिली पार्क में दोस्तों संग पिकनिक मनाने की बात कही। इसके बाद वह चचेरे भाई अंकुर के साथ निकला। कार शुभम् ही चला रहा था। दोपहर 12 बजे शशि ने शुभम् को फोन किया था। शुभम् ने बताया कि वह जुबिली पार्क में है और ढाई-तीन बजे तक घर आ जाएगा। उन्होंने बताया कि शुभम् बाजार जाने पर या किसी सामान की खरीदारी करने पर भी उनसे पूछता था। पता नहीं क्यों गालूडीह जाने के बारे में उसने नहीं बताया।
हिल-व्यू कॉलोनी में गम का माहौैल
इधर, शुभम् की मौत की खबर से मानगो के हिल-व्यू कॉलोनी में गम का माहौल था। पोस्टमार्टम होने के बाद शनिवार शाम को शुभम् का शव घर लाया गया। शव देख परिजनों के अलावा आस पड़ोस के लोगों की भी आंखें नम हो गर्ईं। छोटे भाई की मौत की खबर मिलने पर शशिप्रकाश का बड़ा बेटा साकेत भी विशाखापट्टनम से शनिवार को शहर पहुंचा। साकेत ने दो माह पहले ही विशाखापट्टनम की एक कंपनी में इंजीनियरिंग की नौकरी ज्वाइन की थी। इससे घर से सभी खुश थे। लेकिन, शुभम् की मौत से सारी खुशी पलभर में गम में तब्दील हो गई। इसके बाद देर शाम सुवर्णरेखा घाट पर शुभम् का अंतिम संस्कार किया गया।
टीएमएच में रूपा की हालत गंभीर
इधर, शुक्रवार को गालूडीह में हुए हादसे में घायल सिदगोड़ा 10 नंबर बस्ती निवासी रूपा सिंह की हालत गंभीर है। हालांकि हादसे में घायल मनीष सिंह, प्रीता नंदी, अनमोल किशोर और शुभाशीष कुंडू की हालत में सुधार है। मालूम हो कि शुक्रवार को गालूडीह में शुभम् की कार सड़क किनारे खड़ी ट्रक से टकरा गई थी। इस घटना में कार में सवार सभी लोग गंभीर रूप से घायल हुए थे।