प्रभु की करें भक्ति : दास
भालूबासाशीतला मंदिर में आयोजित सात दिवसीय श्रीमदभागवत कथा का साेमवार को तीसरा दिन था। वृदांवन से आए कथावाचक सीताराम दास ने ध्रुव चरित्र का वर्णन किया। उन्होंने कहा कि जब माता के गर्भ से भक्त पैदा होता है, तो वह 21 पीढ़ी का उद्धार कर देता है, जिनमें सात पीढ़ी मातृपक्ष की और सात पीढ़ी पितृपक्ष की होती है। वहीं, बाकी सात पीढ़ी ससुर पक्ष की होती है।
सीताराम दास ने कहा कि वह माता पृथ्वी तल पर धन्य है तथा उसी माता का जीवन सफल है, जिसका बेटा भगवान का भक्त हो। वह माता अपने आपको क्या समझे, जिसका बेटा मदिरापान करने वाला, चोर अथवा व्यभिचारी हो। इसलिए हमें प्रभु की भक्ति करनी चाहिए। इस अवसर पर काफी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित थे। कथा के अंत में आरती के बाद भक्तों के बीच प्रसाद वितरण किया गया।
भालूबासा शीतला मंदिर में प्रवचन देते सीताराम दास उपस्थित श्रद्धालु।