बदला-बदला नजर आएगा माइकल जॉन सभागार
टाटावर्कर्स यूनियन के माइकल जॉन ऑडिटोरियम (सभागार) में सुविधाएं बढ़ा कर इसे और भव्य बनाया जाएगा। इस ऑडिटोरियम में एयरकंडीशन की क्षमता कम हो गई थी। इस कारण यहां सेंट्रलाइज एसी और महंगे उपकरण लगाए जा रहे हैं। इसमें तकरीबन बीस लाख रुपए खर्च किए जाएंगे।
माइकल जॉन सभागार गांधी जयंती (दो अक्टूबर) से जमशेदपुर के आम नागरिकों के लिए उपलब्ध हो जाएगा। ऑडिटोरियम को दुरुस्त करने के लिए यहां पिछले चार माह से काम चल रहा है।
सीटों की मरम्मत पूरी
बिष्टुपुरस्थित माइकल जॉन सभागार में 538 लोगों के बैठने की व्यवस्था है। लंबे समय से सभागार की सीटों की मरम्मत नहीं हुई थी। लगातार कार्यक्रम के दौरान सभागार की ज्यादातर सीटें फट गईं थीं। सभी सीटों की भी मरम्मत करा दी गई है, ताकि लोगों को सुविधा हो।
टाटा वर्कर्स यूनियन का माइकल जॉन सभागार।
संचालक : टाटावर्कर्स यूनियन
बैठनेकी अधिकतम क्षमता : 538
सालमें आरक्षण : 125से 150 दिन
विशेषता: पूर्णत:वातानुकूलित
एक नजर
टाटा वर्कर्स यूनियन कर्मचारी कक्ष का हुलिया बिल्कुल बदल गया है। फर्श पर टाइल्स लगाए गए हैं। प्रथम तल पर कार्यालय होने से गर्मी में कमरा बहुत गरम रहता था। उसे भी वातानुकूलित किया जा रहा है। एक महीने के भीतर अत्याधुनिक सुविधाओं से युक्त कार्यालय बन कर तैयार हो जाएगा।
कक्ष का बदला हुलिया
^माइकल जॉन सभागार की बहुत अधिक मांग है। हाल के दिनों में इसकी वातानुकूलित क्षमता कम हो गई थी। इसलिए नए उपकरण लगाए गए हैं। इसकी सभी सीटें दुरुस्त कर दी गईं हैं। गांधी जयंती तक सभागार बन कर तैयार हो जाएगा।” आररवि प्रसाद, कोषाध्यक्ष,टाटा वर्कर्स यूनियन
सभागार की मांग अधिक
माइकल जॉन सभागार आम तौर पर सियासी दलों को नहीं दिया जाता। विशेष अनुरोध पर यूनियन नेतृत्व राजनीतिक दलों को यदा-कदा इसे एलॉट करता है। सामाजिक संगठन, सरकारी विभाग, बैंक, एलआईसी, स्कूल आदि के लिए सभागार अमूमन आरक्षित होता है।
सियासी दलों को नहीं िमलता
माइकल जॉन सभागार के किराया में बढ़ोतरी की संभावना है। फिलहाल सभागार का किराया चार घंटा के लिए छह हजार और आठ घंटा के लिए ग्यारह हजार है। सभागार में सुविधा बढ़ाने के बाद किराया बढ़ाने पर यूनियन नेतृत्व ने विचार शुरू कर दिया है।
िकराया बढ़ोतरी संभव