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कांग्रेस जिलाध्यक्ष पर आरोपों की झड़ी

6 वर्ष पहले
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कांग्रेसकी जिला कार्यसमिति की घोषणा के बाद जिलाध्यक्ष विजय खां के खिलाफ विरोध के स्वर तेज हुए हैं। कांग्रेसी नेता उन पर गंभीर लगा रहे हैं। जिला सचिव बनाए गए अमर मिश्रा ने आरोप लगाया कि विधानसभा चुनाव के दौरान अध्यक्ष विजय खां जमशेदपुर पूर्वी से कांग्रेस प्रत्याशी आनंद बिहारी दुबे के खिलाफ उन्हें उकसाते थे। वे दुबे के खिलाफ थे। अध्यक्ष के बूथ पर कांग्रेस को मिले मतों को देखा जाए, तो सब कुछ स्पष्ट हो जाएगा। ऐसा लगता है कि अध्यक्ष विरोधी दल के लोगों से मिले हुए हैं।

पैसेलेकर पद बांटने का आरोप भी मढ़ा

जमशेदपुरपरिसदन में सोमवार को विक्षुब्ध कांग्रेसी नेताओं ने संवाददाता सम्मेलन किया। वर्तमान जिला कार्यसमिति में सचिव बनाए जाने के बाद पद से इस्तीफा देने वाले ज्योति मिश्रा ने कहा कि पैसे लेकर पद बांटे जा रहे हैं। कांग्रेस मुख्यालय से 18 प्रखंड समिति मान्य है। वे 36 बना रहे हैं। ऐसा लग रहा है कि वे राष्ट्रीय अध्यक्ष से भी ऊपर हो चुके हैं।

प्रत्याशीके पैसों की भी हेराफेरी का आरोप

अशोककुमार सिंह ने कहा कि विजय खां की कमेटी में रहना तौहीन है। वे पोटका में कांग्रेस प्रत्याशी दुखनी माई सरदार के चुनाव एजेंट थे। पार्टी मुख्यालय से चुनाव लड़ने को राशि भेजी गई थी। हर बंडल में कुछ रुपए कम थे। दुखनी माई ने इसकी शिकायत जिलाध्यक्ष से की थी। जिलाध्यक्ष का जवाब मिला, जो पैसा आया, वो दे दिया।

पुरानेनेताओं को दरकिनार करने का आरोप

कार्यसमितिमें आपराधिक चरित्र के लोगों को रखा गया है। यह आरोप बैजू मुखी ने लगाया। उन्होंने कहा कि वैसे लोगों को पदाधिकारी बनाया गया है, जो गंभीर अपराध के आरोपी हैं। रेयाज खान ने कहा कि अध्यक्ष ने पुराने नेताओं को दरकिनार किया है। प्रदेश स्तर से पहली सूची स्वीकृत हुई थी। फिर खुद अपने स्तर से दूसरी सूची बना दी। संवाददाता सम्मेलन में पैराडाइज कुजूर, रामउदय ठाकुर, मुकुंद मिश्रा, अनिल सिंह, हीरा लाल, विमल पांडे, राजीव कुमार, जसवंत सिंह भी शामिल थे।

आरोपबेबुनियाद : विजय

कांग्रेसजिलाध्यक्ष विजय खां ने कहा कि दरअसल कुछ नेता अध्यक्ष बनने के बाद से उनका विरोध कर रहे हैं। ऐसे नेताओं का कोई आधार नहीं है, इसलिए फ्रस्ट्रेशन में बेबुनियाद आरोप लगा रहे हैं। ऐसे नेताओं का काम सिर्फ विवाद खड़ा कर संगठन को कमजोर करना है, लेकिन उनके मंसूबे पर पानी फिर जाएगा।