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बारीडीह में पहली सभा करेंगे रघुनाथ पांडे

6 वर्ष पहले
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पीएन सिंह नहीं, तो कोई नहीं : आरके सिंह

आधी रात में नहीं होगा चुनाव

आज तय होगा निर्वाचन क्षेत्र निर्धारण का खाका

1989 में पहली बार हुआ था गुप्त मतदान से चुनाव

फ्लैश बैक

टाटा वर्कर्स यूनियन

पीएन का को-ऑप्शन एकमात्र लक्ष्य : आर रवि

यूनियन नेताओं के बयान पर प्रशासन की रहेगी नजर

टल गई पीएन सिंह की बुधवारी बैठक

टाटावर्कर्स यूनियन (टीडब्ल्यूयू) चुनाव के लिए निर्वाची पदाधिकारी सह एडीसी सुनील कुमार ने अपनी टीम के साथ टाटा स्टील का निरीक्षण किया। टीम में स्थापना उप समाहर्ता दिलीप कुमार तिवारी, एसडीओ प्रेम रंजन और आईटीडीए के निदेशक परमेश्वर भगत शामिल थे। एक सदस्य डीएलसी एसएस पाठक शहर से बाहर हैं।

अधिकारियों ने टाटा स्टील एचआरएम (स्टील) बीबी दास, एचआरएम हेड अमिताभ चंद्र झा और डीके सिन्हा के साथ बैठक कर विभागों और सेक्शन के बारे में जानकारी ली। करीब तीन बजे प्रशासनिक अधिकारी कंपनी परिसर का निरीक्षण कर बाहर निकले।

निर्वाचन क्षेत्र के निर्धारण के लिए बैठक का आयोजन बुधवार को ही करना था, लेकिन डीएलसी के बाहर होने के कारण बैठक गुरुवार को होगी। इसमें निर्वाचन क्षेत्र निर्धारण का खाका तैयार किया जाएगा। बैठक डीसी कार्यालय में होगी। 15 फरवरी तक निर्वाचन क्षेत्र का गठन कर लिया जाएगा।

जो मतदान कराएंगे, वे मतगणना नहीं करेंगे: चुनावमें पारदर्शिता के लिए प्रशासन ने एक और रणनीति बनाई है। जो सरकारी कर्मचारी मतदान में शामिल रहेंगे, वे मतगणना नहीं कराएंगे। मतदान कराने के बाद कर्मचारी चले जाएंगे। दूसरे दिन दूसरे कर्मचारियों को मतगणना कार्य में लगाया जाएगा। प्रशासन का मानना है कि मतदान कराने वाले कर्मचारी थकान के कारण मतगणना का कार्य तेजी से नहीं करा पाएंगे।

सारी रात चलता था चुनाव : टाटावर्कर्स यूनियन में अब तक सुबह से दूसरे दिन दोपहर तक लगातार चुनाव कार्य चलता था। कमेटी मेंबरों के लिए मतदान के तुरंत बाद मतगणना होती थी। फिर पदाधिकारियों के चुनाव की प्रक्रिया शुरू होने में सुबह हो जाती थी। पदाधिकारियों के चुनाव के लिए मतगणना होने में दूसरे दिन का दोपहर बीत जाता था। इस बार पुरानी व्यवस्था नहीं चलेगी।

पदाधिकारी के चयन तक कमेटी मेंबर एक जगह पर रहेंगे

10मार्च की सुबह स्ट्रांग रूम से मतपेटी बाहर लाई जाएगी। फिर कमेटी मेंबर के चुनाव के लिए मतगणना होगी। दोपहर 12 बजे तक कमेटी मेंबरों का चुनाव हो जाएगा। प्रशासन ने तय किया है कि चुनाव बाद कमेटी मेंबर एक जगह पर रहेंगे। इसके बाद कमेटी मेंबरों की बैठक होगी। फिर को-ऑप्शन के लिए कार्यवाही होगी। इसके बाद यूनियन पदाधिकारियों के लिए नामांकन पत्र लिया जाएगा। नामांकन वापसी के बाद कमेटी मेंबर मतदान करेंगे। 10 मार्च की रात आठ बजे तक पदाधिकारियों के चुनाव के लिए मतगणना होने की उम्मीद है।

{ 9कोमतदान के बाद स्ट्रांग रूम में रखी जाएगी मतपेटी

{ 10कोमतगणना के बाद होगा पदाधिकारियों का चयन

टाटा वर्कर्स यूनियन के सहायक सचिव आरके सिंह ने कहा कि हमलोग कर्मचारियों के मिजाज के साथ हैं। हमलोगों का स्पष्ट मत है कि पीएन सिंह नहीं, तो हमारे खेमा से कोई अध्यक्ष नहीं। कहने का आशय है कि हमलोग किसी भी हालत में पीएन सिंह के को-ऑप्शन को गिरने नहीं देंगे। ऐसा करने वालों को टाटा स्टील के कर्मचारी कभी माफ नहीं करेंगे। उन्होंने कहा कि टाटा वर्कर्स यूनियन के चुनावी नतीजे दिल्ली के चुनाव परिणाम की तरह होंगे।

जमशेदपुर | टाटावर्कर्स यूनियन (टीडब्ल्यूयू) का चुनाव रात में नहीं होगा। डीसी डॉ अमिताभ कौशल और एसएसपी एवी होमकर ने आधी रात में मतदान अथवा मतगणना कार्य नहीं कराने का फैसला लिया है। जिला प्रशासन और पुलिस द्वारा तय की गई नई व्यवस्था के तहत नौ मार्च को टाटा वर्कर्स यूनियन के सदस्य कमेटी मेंबर को चुनने के लिए मतदान करेंगे। फिर मतपेटी को स्ट्रांग रूम में सुरक्षित रखा जाएगा। यह व्यवस्था जरूर की जाएगी कि स्ट्रांग रूम में कोई छेड़छाड़ नहीं हो। प्रशासन विचार कर रहा है कि लोकसभा या विधानसभा चुनाव की तरह स्ट्रांग रूम के भीतर की स्थिति की रातभर प्रसारण होता रहे। अगर प्रत्याशी चाहे, तो स्ट्रांग रूम के बाहर रखवाली कर सकेंगे।

टीडब्ल्यूयू चुनाव में मतदान केंद्र के लिए प्रशासन की नजर कई विकल्प पर है। टाटा स्टील प्रबंधन ने 2012 में कंपनी परिसर में चुनाव कराने से मना कर दिया था। इसके बाद जेआरडी स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में मतदान और मतगणना हुई थी। डीसी डॉ अमिताभ कौशल ने इस बार यूनियन चुनाव में मतदान और मतगणना कार्य के लिए मानगो गांधी मैदान, जेआरडी स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स, जमशेदपुर को-ऑपरेटिव कॉलेज, परसुडीह कृषि उत्पादन बाजार समिति, टाटा स्टील में स्टीलेनियम हॉल का मुआयना करने का एसडीओ को निर्देश दिया है।

लोकतांत्रिक परंपरा की शुरुआत

टाटावर्कर्स यूनियन के 1997 के चुनाव में पूरी तरह से लोकतांत्रिक परंपरा के अनुसार, चुनाव देखने को मिला। यहीं से यूनियन चुनाव बाहरी हस्तक्षेप से कराने की बुनियाद भी पड़ी। तब चुनाव श्रमायुक्त के आदेश पर हुआ था। निर्वाची पदाधिकारी यूनियन के एक कर्मचारी को बनाया गया था। कमेटी मेंबर के साथ-साथ यूनियन पदाधिकारियों का चुनाव गुप्त मतदान के जरिए हुआ। इसके बाद वर्ष 2002 में चुनाव हुआ। यह चुनाव झारखंड हाईकोर्ट के आदेश पर डीसी और एसपी की देखरेख में हुआ। मतदान कार्य दो दिन में पूरा हुआ। इस चुनाव में निर्वाची पदाधिकारी एडीसी को बनाया गया था।

श्रमायुक्तने यूनियन का निबंधन किया था रद्द

वर्ष2005 में भी चुनाव हुआ। उस चुनाव को श्रमायुक्त ने गलत ठहराते हुए यूनियन का निबंधन रद्द कर दिया। गलती सुधारने के लिए वर्ष 2006 में फिर से डीसी और एसपी की देखरेख में चुनाव हुआ। इसके बाद से डीसी एसपी की देखरेख में ही चुनाव होने लगा। 2012 के चुनाव का मामला सुप्रीम कोर्ट तक गया। इस चुनाव की प्रकिया 36 घंटे तक चली थी।

जमशेदपुर | टाटावर्कर्स यूनियन (टीडब्ल्यूयू) के कोषाध्यक्ष आर रवि प्रसाद ने कहा है कि उनलोगों का एकमात्र लक्ष्य पीएन सिंह का को-ऑप्शन है। कर्मचारी पीएन सिंह में गोपाल बाबू की छवि देख रहे हैं। वे कंपनी के हित के बारे में सोचते हैं और कर्मचारियों के बेहतर भविष्य के लिए काम करते हैं। टाटा स्टील के कर्मचारियों की तरह हमलोग भी ऐसा नेतृत्व खोना नहीं चाहते। यह बातें आर रवि प्रसाद ने बुधवार को यूनियन कार्यालय में कहीं। उन्होंने कहा कि पीएन सिंह ने अध्यक्ष बनने के बाद यूनियन के भीतर आंतरिक लोकतंत्र की स्थापना की। सभी पदाधिकारियों और कमेटी मेंबरों को स्वतंत्र तौर पर काम करने का अवसर दिया। कर्मचारियों को टीएमएच से रेफर कराने के लिए उनके दरवाजे के चक्कर नहीं लगाने पड़े। पूर्व की तुलना में प्रत्येक महीने दोगुनी संख्या में कर्मचारियों को बेहतर इलाज के लिए रेफर किया गया। प्रबंधन और यूनियन के बीच सभी समझौते ऐतिहासिक हुए। एनएस ग्रेड के कर्मचारियों के वेतनमान को सम्मानजनक किया गया।

जमशेदपुर| टाटा वर्कर्स यूनियन (टीडब्ल्यूयू) के नेताओं की बयानबाजी पर जिला प्रशासन की नजर है। इस संबंध में डीसी डॉ अमिताभ कौशल ने अपने मातहत अधिकारियों को निर्देश दिया है। नेताओं के बयान के कतरनों की फाइल बनाई जाएगी। टाटा वर्कर्स यूनियन के नेता अपने विरोधियों के खिलाफ बयानबाजी करने में मर्यादा की सीमा पार कर जाते हैं। इस कारण जिला प्रशासन इन पर नजर रख रहा है। 15 फरवरी के पहले डीसी कार्यालय में एक सेल का भी गठन किया जाएगा। अगर कोई बयान प्रशासन की नजर में विवादास्पद पाया जाता है, तो उसे आचार संहिता का उल्लंघन माना जाएगा और संबंधित व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

जमशेदपुर | आदर्श आचार संहिता लागू रहने के कारण टाटा वर्कर्स यूनियन के अध्यक्ष पीएन सिंह के आवासीय कार्यालय में होने वाली साप्ताहिक बुधवारी बैठक टाल दी गई। बैठक में शामिल होने के लिए यूनियन के सात पदाधिकारी और 100 से अधिक कमेटी मेंबर पहुंचे थे। चुनाव लड़ने के इच्छुक उम्मीदवारों का भी जमावड़ा लगा था। यूनियन उपाध्यक्ष शहनवाज आलम ने सभी लोगों को जानकारी दी कि आदर्श आचार संहिता लागू रहने के कारण इस तरह की बैठक करने के पहले प्रशासन से अनुमति लेनी चाहिए।

जमशेदपुर | टाटावर्कर्स यूनियन चुनाव की अधिसूचना जारी होने के बाद रघुनाथ पांडे ने बारीडीह दुर्गा पूजा मैदान में पहली चुनावी सभा करने का फैसला लिया है। इसमें बारीडीह, एग्रिको और सिदगोड़ा के कर्मचारियों को विशेष रूप से आमंत्रित किया गया है। रघुनाथ पांडे ने प्रशासन से सभा करने की अनुमति मांगी है।