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खुद राह बनाने वाले जांबाजों से रूबरू होंगे भावी प्रबंधक

6 वर्ष पहले
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जमशेदपुर। बने बनाए राह पर चलने की बजाय खुद की राह बनाने वाले देश के आठ जांबाज 10 फरवरी को अपनी सक्सेस स्टोरी बताएंगे। जेवियर लेबर रिलेशन्स इंस्टीट्यूट (एक्सएलआरआई), के सीआईआई-वाईअाई (कनफेडरेशन ऑफ इंडियन इंडस्ट्री-यंग इंडियन) की ओर से आयोजित होने जा रहे टेडेक्स नामक कार्यक्रम में ये जाबांज द रोड लेस ट्रेवल्ड (जिस राह पर कम लोग चलते हैं) विषय पर अपना व्याख्यान देंगे और छात्रों को जिंदगी की बीहड़ राह पर चलने के लिए प्रेरित करेंगे। ये वैसी शख्सियतें हैं, जिन्होंने अपनी मेहनत, जज्बे और ईमानदारी की बदौलत समाज और देश में अलग पहचान बनाई है।

समारोह के आयोजक पार्थ नारियलवाला ने बताया कि आज की भागमभाग और गलाकाट प्रतिस्पर्धा के दौर में हमारे पास समय नहीं होता कि हम वैसे लोगों की सक्सेस स्टोरी को जानें, जिन्होंने अपने काम की बदौलत समाज और देश में बदलाव किया है। हम बने बनाए रास्ते को अपनाते हैं। नई राह बनाने की कोशिश नहीं करते।
ये वैसे लोग हैं, जिन्होंने खुद की राह बनाई। आज के रैट रेस (चूहा दौड़) के जमाने में जरूरी हो गया है कि युवाओं को नए आइडिया के बारे में बताया जाए, ताकि वे कुछ नया करें। उन्होंने बताया कि एक दिन के इस कार्यक्रम का उदघाटन सुबह 10 बजे संस्थान के फादर प्रभू हॉल में होगा। उदघाटन समारोह में मिनेसोटा के पहले चीफ इन्फॉर्मेशन ऑफिसर (सीआईओ) गोपाल खन्ना होंगे। दिन भर चलने वाले इस कार्यक्रम का आकर्षण मशहूर फिल्म अभिनेता, निर्देशक, गीतकार और गायक पीयूष मिश्रा होंगे, जिन्होंने अपने अभिनय और गायिकी की बदौलत एक अलग पहचान बनाई है।
कौन हैं पीयूष मिश्रा
गुलाल, ब्लैक फ्राइडे और गैंग्स ऑफ वासेपुर सरीखी फिल्मों में अपनी अदाकारी का जलवा बिखेरने वाले पीयूष मिश्रा इस साल टेडेक्स के मुख्य वक्ता होंगे। पीयूष ने अदाकारी के साथ ही कई फिल्मों के स्क्रिप्ट भी लिखे हैं। ग्वालियर निवासी पीयूष ने नई दिल्ली के नेशनल स्कूल ऑफ ड्रामा से स्नातक किया है। उनके गाए अलग अंदाज के गीत काफी लोकप्रिय रहे हैं। फिल्म ब्लैक फ्राइडे के गीत अरे रूपक जा रे बंदे...फिल्म गुलाल के गीत आरंभ है प्रचंड...गैंग ऑफ वासेपुर-2 के इक बागल...गीत काफी लोकप्रिय हुए हैं।
जानिए जांबाजों को
गोपाल खन्ना
2009 में एक सरकारी एजेंसी में इनोवेशन को लेकर फेडरल 100 अवॉर्ड हासिल करने वाले गोपाल खन्ना वर्तमान में मिनेसोटा संस्था के चीफ इन्फॉर्मेशन ऑफिसर हैं।
प्रकाश अय्यर

बेस्ट सेलर पुस्तकों के लेखक और मोटिवेशनल स्पीकर प्रकाश अय्यर वर्तमान में किम्बर्ली क्लार्क लीवर के प्रबंध निदेशक हैं।
डॉ. ज्योत्सना जगन्नाथन

पेशे से चिकित्सक डॉ. ज्योत्स्ना जगन्नाथन ने भरतनाट्यम नृत्य के जरिए देश में अपनी अलग पहचान बनाई है।
सायरा शेख
क्रांति संस्था से जुड़ी सायरा शेख ने मानव तस्करी की शिकार बालिकाओं के साथ ही सेक्स वर्कर की बेटियों को शिक्षित और सशक्त बनाकर अपनी अलग छाप छोड़ी है।
फ्रैंज गैस्टलर

अमेरिकी सोशल एक्टिविस्ट फ्रैंज एक शिक्षक के साथ फुटबॉल कोच हैं। उन्होंने भारत में फुटबॉल कोच के रूप में काम कर अलग पहचान बनाई है। वे बाल विवाह और मानव तस्करी के विरुद्ध भी काम कर रहे हैं।
सुनील णगंडाबहाली

नासिक के इस उद्यमी ने 23 भाषाओं के लिए मल्टीलिंग्वल ट्रान्सलेशन प्लेटफॉर्म बनाकर अपनी पहचान बनाई है।
अनुज गोसालिया

टेरिब्ली टिनी टेल्स के संस्थापक अनुज ने सोशल मीडिया पर गुड राइटिंग को प्रोत्साहित करने की शानदार पहल की है।
क्या है टेडेक्स
टेडेक्स, टेड (टीईडी) का हिस्सा है। यानी टी-टेक्नोलॉजी, ई-इंटरटेनमेंट, डी-डिजाइन। यह एक नन प्रोफिट आर्गेनाइजेशन है, जिसका मकसद दुनिया भर में नए आइडिया का प्रचार-प्रसार करना है। संस्था की शुरुआत 30 साल पहले कैलिफोर्निया में हुई थी। दुनिया भर के मशहूर चिंतकों (थिंकर) के मंथन से इस संस्था की शुरुआत हुई। इसके वक्ता बिल गेट्स, एलिजाबेथ गिलबर्ट और नंदन नीलकेणी सरीखी शख्सियत रह चुके हैं।