पलायन रोकने के लिए चलाया अभियान
बिरसाचाईबासा के तत्वावधान में 8 9 दिसंबर को क्षेत्र से पलायन को रोकने के लिए झींकपानी प्रखंड के टुटुगुटू पंचायत के टुटुगुटू, सुरजाबासा, बिंगतोपांग, माटागुटू, इन्दीकुड़ी में और टोंटो प्रखंड के बामेबासा पंचायत के रतांगोए, नाकाहासा, बनाईकेड़ा, मौदा, हड़िरा, गुंडीपोसी, गाड़ाहातु तथा कैनुवा में हतुरेया विकास अबु तेगे दो दिवसीय जागरूकता अभियान चलाया गया। अभियान चलाने का उद्देश्य धान कटनी के बाद पलायन को रोकना और मनरेगा योजना के तहत चलने वाली योजनाओं में रोजगार के लिए प्रेरित करना।
अभियान के दौरान ग्रामीणों को जानकारी दी गई कि बाहरी चकाचौंध में आकर्षित होकर काम के तलाश में बहुत सारे युवा वर्ग पलायन कर रहे हैं। वहां पर उनलोगों के साथ आर्थिक, मानसिक तथा शारीरिक शोषण किया जाता है और कभी-कभी तो जान से भी मार दिया जा रहा है। इस अभियान में यह बताया गया कि छोटा-मोटा काम के लिए बाहर पलायन करें। ग्राम सभा पंचायत द्वारा जमीनी स्तर पर मनरेगा का क्रियान्वयन सही रुप से कराना चाहिए ताकि साल में कम से कम सौ दिन का रोजगार जरूरतमंद लोगों को मिल सके। हालांकि कई ऐसे भी शिकायतें भी मिली है कि मनरेगा में काम करने के बाद मजदूरों को समय पर मजदूरी नहीं मिल पा रही है।
इस अभियान को सफल बनाने में रमेश जेराई, सुनील पूर्ति, सत्या अमृता देवगम, मेरी होनहागा, बबिता पूर्ति, केरसे कुदादा ने महत्वपूर्ण योगदान दिया।
पलायन रोकने के लिए अभियान चलाते समिति के सदस्य।