दिन में पुलिस रात को नक्सलियों का खौफ
खूंटपानीप्रखंड के जंगल से सटे बड़ालागिया पंडावीर पंचायत के डेढ़ दर्जन से अधिक गांवों के ग्रामीण आतंकित हैं। चाईबासा जेल ब्रेक की घटना के बाद से दिन में पुलिस जांच कर रही है। संदेह के आधार पर ग्रामीणों को उठाकर पूछताछ का दौर चल रहा है, ताे दूसरी ओर क्षेत्र में नक्सलियों की गतिविधियां बढ़ गई है। इससे ग्रामीण दहशत में हैं। गत 4 दिसंबर को नक्सलियों ने रोरो गांव के पास खान विभाग के चार अधिकारियों को अगवा कर लिया था। पुलिस और नक्सलियों की सक्रियता से ग्रामीण शाम ढलते ही घरों में कैद हो जा रहे हैं। घर से कहीं आने-जाने में परेशानी हो रही है।
पुलिसकर रही है कैंप
जेलब्रेक अधिकारियों को अगवा किए जाने की घटना के बाद से पुलिस की टुकड़ियां ग्रामीण क्षेत्र में कैंप कर रही है। पुलिस संदिग्ध चेहरा दिखते ही कड़ाई से पूछताछ कर रही है। दूसरी ओर, पुलिस की सक्रियता बढ़ने से नक्सली जंगलों में ठिकाना बदल कर रह रहे हैं। सबसे ज्यादा क्षेत्र के पंचायत प्रतिनिधि ग्राम मुंडा दहशत में हैं।
यही वजह है कि क्षेत्र के सभी पंचायत प्रतिनिधि ग्राम मुंडा भयवश बात करने में भी कतराते हैं। पुलिस और नक्सलियों के बीच चल रही लुका-छिपी से ग्रामीण दहशत में हैं। क्षेत्र में कभी भी पुलिस और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हो सकती है। घर से कहीं भी निकलने से पहले ग्रामीणों को सोचना पड़ रहा है। ग्रामीणों के अनुसार, कहीं भी आने-जाने में डर लगता है।
फिलहाल तो गांवों में लोग अपने सगे संबंधियों को भी आने से रोक रहे हैं। उन्हें हर वक्त यही भय सताता है कि पता नहीं कब पुलिस या नक्सलियों के हत्थे चढ़ जाएं।
विकास कार्य हुए ठप
क्षेत्रके ग्रामीणों को पहले सिर्फ रोजगार की चिंता थी, लेकिन अब इसके साथ-साथ घर परिवार की सुरक्षा की भी चिंता है। नक्सलियों की सक्रियता से खूंटपानी प्रखंड के पंडावीर बड़ा लागिया पंचायत में चल रही विकास योजनाओं पर बुरा असर पड़ा है। क्षेत्र में नक्सलियों के प्रवेश के साथ ही निर्माण कार्य ठप पड़ गए हैं। नक्सलियों के भय से ठेकेदार मुंशी निर्माण कार्य छोड़कर भाग गए हैं।
दहशत में हैं इन गांवों के लोग
खूंटपानीप्रखंड के बड़ा लागिया और पंडावीर पंचायत के रोरो, अंजेड़बेड़ा, जोजोहातु, बरकेला, केचाबाईपी,पासुबेड़ा, बड़ा लागिया, कबरागुटू, हेसा बोंध,पेटापेटी रंगा माटी, सरजोमबुरू, तुम्बाहाका, जगादा, चिरियाबेड़ा आदि कर