डीएवी में मनाया गया मानवाधिकार दिवस
टाटाडीएवी पब्लिक स्कूल नोवामुंडी में बुधवार को दिन 66वां अंतर्राष्ट्रीय मानवाधिकार दिवस धूमधाम से मनाया गया। इस अवसर पर विशेष प्रार्थना सभा में बच्चों ने कई कार्यक्रम प्रस्तुत किए। विद्यालय के प्राचार्य तरुण कुमार मिश्र ने इसके महत्व के बारे में बच्चों को जानकारी दी। उन्हाेंने कहा कि आज ही के दिन 1948 में संयुक्त राष्ट्र संघ ने मानव अधिकारों की रक्षा के लिए मानवाधिकार आयोग का गठन किया गया था। उसी दिन से हर वर्ष यह दिवस पूरे विश्व में मनाया जाता है। हमारे संविधान पर भी इसका व्यापक प्रभाव पड़ा और संविधान निर्माताओं ने मानवाधिकार से जुड़े तथ्यों को संविधान में स्थान दिया। मुख्यतः दो प्रकार के अधिकार हमें प्राप्त हैं नागरिक राजनीतिक अधिकार। इसका विस्तृत वर्णन हमारे मूल अधिकारों में निहित है। हमें आज अनेक अधिकार मिले हुए हैं लेकिन हमारे कुछ कर्तव्य भी हैं जिनका पालन हमें ईमानदारी से करना चाहिए। समाज विज्ञान के शिक्षक डीके देव ने भी अपने विचारों से बच्चों को प्रभावित किया। उन्होंने कहा कि आज मानवाधिकारों का उल्लंघन बढ़ता जा रहा है इसको रोकने के लिए जनमत तैयार करने की जरूरत है। छात्रा अलिशा नायक ने भी अंग्रेजी में अपने विचार प्रस्तुत किए। मयंक सिंह ने प्रश्नमंच साझा किया तथा मंच का संचालन हेमांगिनी लकड़ा ने प्रस्तुत किया।
डीएवी में मानवाधिकार दिवस में उपस्थित शिक्षक छात्र-छात्राएं।