भूमि अधिग्रहण िबल का विरोध
झामुमोकार्यकर्ताओं ने केंद्रीय सरकार द्वारा जारी किए गए भूमि अधिग्रहण अध्यादेश के विरोध में प्रखंड कार्यालय चक्रधरपुर के प्रांगण में एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन किया। तत्पश्चात राज्यपाल के नाम बीडीओ को मांग पत्र सौंपा। जिसमें कहा गया कि भाजपा सरकार द्वारा जारी किया गया भूमि अधिग्रहण अध्यादेश पूंजीपतियों को लाभ पहुंचाने वाला है। उद्योगिक विकास, खनन, सड़क निर्माण, बिजली घर एवं सुरक्षा के नाम पर सरकार लोगों को ठगने का काम कर रही है। देश के लोग अपने ही देश में भूमिहीन और बेघर हो जाएंगे। धरना-प्रदर्शन के दौरान भुवनेश्वर मेहता, रहमान हीना, दिनेश जेना, साजिद अनवर, ताराकांत सिजुई, भूदेव महतो, नंदु बारला, सुखलाल सामड, रेणा हेंब्रम, नेलसन बानसिंह, लालु केराई, प्रेमचंद कच्छप, घनेश्वर मंडल, पंकज पांडेय, रॉकी मंडल, एलेन बोदरा, रतना, लखन, वेद प्रकाश दास आदि मौजूद थे।
अध्यादेश के खिलाफ जारी रहेगा आंदोलन
बंदगांव|बंदगांव प्रखंडमुख्यालय में केन्द्र सरकार द्वारा लाए गए भूमि अधिग्रहण कानून के विरोध में झामुमो ने प्रखंड अध्यक्ष चरण मुंडरी के नेतृत्व में धरना दिया। मौके पर श्री मुंडरी ने धरना को संबोधित करते हुए कहा कि भूमि अधिग्रहण अध्यादेश के विरोध में लगातार आंदोलन जारी रहेगा। मौके पर एक प्रतिनिधिमंडल ने राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा।
बिल के विरोध में सौंपा ज्ञापन
गोइलकेरा|केंद्रीयकमेटी के निर्देश पर झामुमो की गोइलकेरा प्रखंड कमेटी ने भूमि अधिग्रहण अध्यादेश के विरोध में प्रखंड कार्यालय में ज्ञापन सौंपा। झामुमो ने केंद्र सरकार के भूमि अधिग्रहण बिल को आदिवासी-मूलवासियों के लिए काला कानून करार दिया है। इसके विरोध में राज्यपाल को संबोधित एक ज्ञापन बीडीओ कार्यालय में उनकी अनुपस्थिति में नाजिर गोपी उरांव को सौंपा गया। मौके पर झामुमो के प्रखंड अध्यक्ष पहलवान गागराई ने कहा कि केंद्र सरकार औद्योगिक विकास, खनन, सड़क निर्माण सुरक्षा आदि के नाम पर किसानों की जमीन को हड़पना चाहती है।
झामुमो ने प्रखंड कार्यालय पर दिया धरना
सोनुवा|केन्द्र सरकार द्वारा लाए गए भूमि अधिग्रहण कानून एवं राज्य सरकार द्वारा स्थानीयता नीति की घोषणा किए बगैर नियोजन प्रक्रिया आरंभ किए जाने के विरोध में झामुमो की सोनुवा प्रखंड कमेटी द्वारा प्रखंड कार्यालय परिसर में सोमवार को एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन किया गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए झारखंड युवा मोर्चा के जिला सचिव दीपक प्रधान ने कहा कि आदिवासी-मूलवासी एवं स्थानीय लोगों के हित में भूमि अधिग्रहण अध्यादेश 2015 को अविलंब रद्द किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा स्थानीयता को परिभाषित करने के बाद ही नियुक्ति प्रक्रिया शुरू करनी चाहिए। कार्यक्रम को प्रखंड अध्यक्ष कुलदीप महतो, प्रखंड सचिव नरेंद्र मुंडा एवं अन्य पार्टी पदाधिकारियों ने भी संबोधित किया।
गोइलकेरा : राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपते झामुमो सदस्य।
चक्रधरपुर : धरना देते झामुमो कार्यकर्ता।