प्रशासन से सरकार की सांठगांठ से झारखंड में मची है लूट : गौतम राणा
मंगलवारको राष्ट्रीय जनता दल के शीर्षस्थ नेता गिरिडीह पहुंचे थे। राजद के नेता आबिद राजा खान के निधन पर शोक जताते हुए पार्टी के अध्यक्ष गौतम सागर राणा उपाध्यक्ष अन्नपूर्णा देवी शोक संतप्त परिजन से मिल ढाढ़स बंधाया। उसके बाद पार्टी के कार्यकर्ताओं से मिल पार्टी की आगामी महत्वपूर्ण योजनाओं पर रणनीति भी तय की। उसके बाद एक प्रेस वार्ता का आयोजन किया गया जिसमें झारखंड सरकार की कार्यशैली पर अपना विचार रखा। इस क्रम में आगे कहा कि एक हजार करोड़ रुपये लेवी के रूप में नक्सली ले जाते हैं। नक्सलियों पर कोई नियंत्रण नहीं है ऐसे में झारखंड का विकास संभव ही नहीं है। अच्छे अधिकारियों को स्थानांतरित कर दिया जाता है ताकि लूट पर कोई शिकंजा हो। सीधे तौर पर कहें तो पुलिस, प्रशासन सरकार के सांठगांठ से जनतंत्र खतरे में गया है। आगे कहा कि इन दिनों झारखंड में हैवी लाइसेंस नहीं बन रहा है बावजूद भारी संख्या में बगैर लाइसेंस के हाईवा चलाये जा रहे हैं। इसे कुशासन नहीं तो ओर क्या कहेंगे। महा गठबंधन पर पार्टी की और तैयारी से का केवल संकेत दिया पर खूल कर कुछ नहीं बोले।
दिल्ली वालों को खुश करना ही सरकार का ध्येय
वर्तमानझारखंड सरकार सिर्फ घोषणाएं ही करती है धरातल में कोई काम नहीं होता है। डेढ़ साल हो गये पर कहीं विकास नहीं हुआ बल्कि शपथ लेने के बाद महज 6 माह का समय मांगा था। राज्य की जनता के विकास के लिए सरकार द्वारा एक भी काम नहीं किया गया है। उक्त बातें कोडरमा पूर्व विधायक अन्नपूर्णा देवी ने कहीं वे मंगलवार को सर्किट हाउस में पत्रकारों से मुखातिब थी। इस क्रम में उन्होंने आगे कहा कि 31 अप्रेल तक स्थानीय नीति लागू हो जाना था पर अब तक वह नीति लागू नहीं हो पायी है। बहुमत की सरकार होने के बावजूद कोई अंतर दिखाई नहीं पड़ रहा है सिर्फ और सिर्फ दिल्ली के लोगों को ही खुश किया जा रहा है। योजना बनाओ अभियान को काफी सफल बताया जा रहा है पर इसमें कुछ भी नया नहीं है। सिर्फ टेब बदल कर सरकार खुद की वाहवाही लूटने में लगी है।