विधि-विधान से हुआ उपयाचकों का अभिषेक
> प्रभु यीशु की सेवा में जीवन न्यौछावर करने का संकल्प लिया
भास्करन्यूज | पालकोट
पालकोटके करौंदीबेड़ा पल्ली स्थित चर्च के सभागार में तीसरे रविवार पर उपयाचक अभिषेक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मौके पर गुमला धर्मप्रांत के बिशप स्वामी पॉल लकड़ा ने मिस्सा पूजा बलिदान के बाद पांच पल्लियों से आये प्रभु दास तिर्की, नबोर मिंज, पतरूस सोरेंग, विनोद सोरेंग, नूवसन बिलुंग को विधिवत उपयाचक की शपथ दिलाई। कार्यक्रम में बिशप पॉल लकड़ा ने सभी पांच उपयाचकों को संतो की स्तुति वंदना, आशीर्वाद, हस्तारोपण धर्मविधि, वस्त्र धारण विधि, वस्त्र पहन कर कार्य करने का मार्गदर्शन दिया।
मौके पर बिशप पॉल लकड़ा ने उपयाचकों से कहा कि ख्रीस्त का सुसमाचार ग्रहण करें। साथ ही ध्यान रखें कि आप जो पढ़ते हैं, उस पर विचार करके दूसरों को भी बताकर उसका नियमित रूप से पालन करें। आज का दिन ईश्वर के समक्ष अपने प्रतिज्ञा का संकल्प लेने वाले दिन हैं। काम करते हुए आपको थकना नहीं है। हर काम को आप प्रभु यीशु का काम समझकर संपादित करें। प्रभु आपको इतनी शक्ति दे कि उपयाचक पद की गरिमा बना रहे। अपना तथा समाज में ऐसा काम करें कि किसी की आत्मा को ठेस पहुंचे।
उन्होंने कहा कि उपयाचक का महत्वपूर्ण कार्य प्रार्थना करना है। हर दिन आपको कलीसिया की पवित्र प्रार्थना पूरी करनी है। हमारे उपयाचक पवित्र मिस्सा पूजा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। विशेष परिस्थिति में विवाह कार्य का गवाह भी बनते हैं। उन्होंने कहा कि पवित्र रविवार में पुरोहित बनकर प्रभु की सेवा में संपूर्ण जीवन न्यौछावर कर देना है।
इस अवसर पर फादर क्लेस्तुस केरकेट्टा, फादर जॉन टोप्पो, फादर निरंजन एक्का, फादर विनोद बाड़ा, फादर लोनर्ड मिंज, फादर किशोर बाड़ा, फादर अजीत तिग्गा, फादर मुक्तिलाल, फादर इमानुएल कुजूर, फादर सिप्रियन टोप्पो, फादर प्रदीप एक्का, फादर एलियस मिंज, फादर पंखरासियुस केरकेट्टा, सिप्रियन कुल्लू, फादर नीलम एक्का सहित सैकंडों की संख्या में महिला पुरुष उपस्थित थे।
लोगों की सेवा में लग जाएं उपयाचक : फा. मोजेस
करौंदीबेड़ापल्ली के पुरोहित फादर मोजेस खलखो ने कहा कि संत जॉन बतीसबा एक महान संत थे। प्रभु यीशु का जन्म उनके आगमन को लेकर संसार में अदभुत तैयारियां की थी। वे हमेशा ऊर्जा का आह्वान करते थे। उपयाचक आध्यात्मिक तैयारी के साथ-साथ अपने सभी भाई-बहनों की