- Hindi News
- इंदिरा आवास की मरम्मत को लेकर थाने पर प्रदर्शन
इंदिरा आवास की मरम्मत को लेकर थाने पर प्रदर्शन
> पाथरबंगला हरिजन पट्टी की महिलाओं ने किया आंदोलन
> लापरवाही का आरोप
भास्करन्यूज | जोड़ापोखर
झरियाअंचल अंतर्गत पाथरबंगला हरिजनपट्टी स्थित 45 इंदिरा आवास जर्जर अवस्था में रहने से और विभाग द्वारा मरम्मत कार्य नहीं कराए जाने से आक्रोशित हरिजनपट्टी की महिलाओं ने गुरुवार को जोड़ापोखर थाने के समक्ष प्रदर्शन किया तथा सीओ सागरी बरार के खिलाफ थाने में शिकायत पत्र दिया है।
प्रदर्शन का नेतृत्व कांग्रेस प्रखंड अध्यक्ष वीरेंद्र गुप्ता एवं जिला उपाध्यक्ष शमशेर आलम कर रहे थे। नेताद्वय का कहना था कि गरीबों का घर जर्जर अवस्था में है। घर की छत गिर रही है, लेकिन प्रशासन बेखबर है। क्या प्रशासन किसी बड़ी घटना का इंतजार कर रहा है। बड़ी घटना होने पर ही क्या प्रशासन हरकत में आएगा और गरीबों के आवास की मरम्मत का कार्य शुरू कराएगा।
प्रदर्शन कर रही महिलाओं का कहना था कि पाथरबंगला हरिजन पट्टी के सभी इंदिरा आवास की स्थिति जर्जर हो गई है। 25 जुलाई को राजेश तूरी का आवास गिर गया था। दो माह बाद 23 सितम्बर को पुन: आवास का छत गिरा। लेकिन संयोग अच्छा था कि दोनों बार हुई घटनाओं में कोई भी घायल नहीं हुआ। हरिजन पट्टी में बने 45 इंदिरा आवास की दीवार अत्यंत जर्जर अवस्था में है। लोग हर वक्त भय के माहौल में जी रहे हैं।
दो माह के अंदर दो बार आवास की गिरी छत
कांग्रेसी नेता शमशेर आलम ने इस संबंध में प्रशासनिक पदाधिकारियों से भी बात की। कहना था कि उक्त इंदिरा आवास का निर्माण 1995 मंे हुई थी। उस समय बिहार एवं झारखंड एक ही राज्य थे। उस समय झरिया प्रखंड था। अब स्थिति काफी बदल गई है। वहीं शमशेर आलम का कहना था कि स्थिति कोई भी हो, जब अधिकारी हैं तो उनका कुछ दायित्व बनता है। मामले से पल्ला झाड़ने से बात नहीं बनेगी। उन्होंने झरिया सीओ सागरी बरार पर मामले की अनदेखी करने का भी आरोप लगाया। प्रदर्शन करने वालों में रजनी देवी, बाल्मीिक देवी, दुलारी देवी, गिरिजा देवी, जयंती देवी, तेतरी देवी, झुमरी देवी आदि शामिल थी।
1995 में हुआ था हरिजनपट्टी के सभी इंदिरा आवास का निर्माण
जोड़ापोखर थाने के समक्ष प्रदर्शन करतीं हरिजनपट्टी की महिलाएं।