- Hindi News
- दोबारा नाला प्रखंड की ही बहू के हाथ में जिला परिषद की कमान
दोबारा नाला प्रखंड की ही बहू के हाथ में जिला परिषद की कमान
{ खुशी उमंग के माहौल में जिप अध्यक्ष का किया स्वागत
भास्करन्यूज. नाला
काफी कम समय के लिए ही सही, लेकिन नाला प्रखंड की बेटी पुष्पा सोरेन के जिप अध्यक्ष के हटने के बाद फिर से इसी प्रखंड की बहू सुकमनि हेम्ब्रम ने ही जिला का कमान संभाला है। यही वजह है कि जिला परिषद का चुनाव जीतने के बाद नाला प्रखंड पहुंचते ही लोगों में कुछ ऐसी चर्चा होने लगी है। पूर्व जिप अध्यक्ष पुष्पा सोरेन टेशजुड़िया पंचायत के पाराडाल गांव की बेटी है जबकि सुकमनि हेम्ब्रम ग्राम पंचायत मौरबासा की बहु है। उनके नए रूप में नाला क्षेत्र पहुंचते ही स्वागत करने एवं मीठा खाने खिलाने का सिलसिला दिनभर जारी रहा। ग्रामीण परिवेश में पढ़ाई लिखाई पूरा करने के बाद सुकमनि ने स्नातक की डिग्री हासिल की है। डीवीसी में नौकरी कर रहे उनके पिता की इच्छा थी कि वह आगे चलकर नौकरी करें। लेकिन चंद सालों के अंदर ग्रामीण परिवेश एवं गरीबों की बदहाली को देखते हुए बड़ी बहन सुकुमनि का मन समाज सेवा की ओर लगने लगा। इसके लिए धनबाद क्षेत्र में कारोबार कर रहे पति सुशील हेम्ब्रम ने भी उनका भरपूर हौसला बढ़ाया। इसी दौरान लंबे समय के बाद पंचायत चुनाव की घोषणा होने के साथ ही उनके मन में चुनाव लड़ने का विचार आया तथा इच्छाशक्ति को प्रबल बनाने में उनके क्षेत्र के लोग एवं राजनीतिक दलों ने अहम भूमिका निभाई है। नव निर्वाचित जिप अध्यक्ष ने बताया कि संपूर्ण जिला क्षेत्र में विकास की गति को बढ़ावा देना प्राथमिकता होगी। इसी के साथ मजदूर, गरीब और बेरोजगारों को मुख्यधारा के साथ जोड़ने के लिए हर संभव प्रयास किया जाएगा।
अपने समर्थकों के साथ सुकुमुनी।
खरीद फरोख्त से हुआ है चुनाव : पुष्पा
वहींदूसरी ओर पूर्व जिप अध्यक्ष पुष्पा सोरेन ने कहा कि जिप अध्यक्ष का पद खरीद फरोख्त से किया गया है। जमकर पैसे का खेल हुआ है। उन्होंने कहा कि अध्यक्ष पद का मामला झारखंड उच्च न्यायालय रांची में लंबित है। ऐसे में नियमों को दरकिनार कर कतिपय लोगों ने अध्यक्ष पद का चुनाव कराया है। उन्होंने कहा कि उनके द्वारा शुक्रवार को हुए अध्यक्ष के चयन का बहिष्कार किया गया है। कहा कि राजनीति में वे जनता की सेवा के लिए आयी है और उनका यह सेवा कार्य चलता रहेगा। कहा कि जिला परिषद सहित अन्य लोगों को जब भी उनकी जरूरत पड़ेगी तब वे सहयोग करने को तैयार रहेंगी।