भास्कर फॉलोअप
चाईबासा |नोवामुंडी-बड़ाजामदा स्टेशनके कांडेनाला गेट के पास मंगलवार अप लाइन पर जनशताब्दी एक्सप्रेस कोयले से लदी मालगाड़ी की भिड़ंत को लेकर जांच टीम बनाने की कवायद शुरू हो गई है। इस मामले में जांच के लिए मंडल स्तर से पदाधिकारियों की एक कमेटी का गठन किया जाएगा। पहले चरण की जांच में गार्ड या फिर गाड़ी को आगे बढाने के आदेश देने वाले अधिकारी पर गाज गिरना तय माना जा रहा है। जानकारों कि माने तो इस हादसे में बताया गया कि यदि मालगाड़ी में कुछ तकनीकी खराबी आई तो गार्ड को चालक को सूचना देकर जाना था या फिर गाड़ी के ब्रेकयान का पाइप को खोल कर जाना था नहीं तो सहायक चालक को बुलाकर कर साथ में ले जाना था। लेकिन इन सभी बातों को नजर अंदाज किया गया।
ये नहीं था करना : मालगाड़ीके गार्ड को किसी भी हालत में गाड़ी को छोड कर नहीं जाना था, यदि जाना ही था तो ब्रेक का वेक्यूम पाइप को खोल कर जाना था। या फिर सहायक चालक को बुलाकर गाड़ी को चेक करना था। क्योंकि किसी भी गाडी़ का ऑल इन ऑल गार्ड ही होते है,गार्ड के आदेश पर ही गाड़ी का पहिया आगे बढता है।
आदेशदेने वाला भी सकेते में : दूसरीआेर मामला यह भी बनता है कि यदि इंटरलॉकिंग सिग्नल था तो मालगाड़ी को आगे बढाने का आदेश स्टेशन मास्टर ने किस तरह दे दिया, इसलिए स्टेशन मास्टर पर भी गिर सकती है गाज।
दोदिन में जांच टीम का गठन : चक्रधरपुररेल मंडल के वरीय वाणिज्य प्रबंधक से पूछे जाने पर बताया कि इस मामले में जांच के लिए दो दिन के अंदर जांच कमेटी का गठन कर दिया जाएगा।
गार्ड आदेश देने वालों पर गिर सकती है गाज