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सच कहना अगर बगावत है तो समझो हम बागी हैं : मांझी
पटना | मुख्यमंत्रीजीतन राम मांझी ने कहा कि सच कहना अगर बगावत है, तो समझो कि हम बागी हैं। लोग हमको पागल समझेंगे, फिर भी हम अपनी बात कहते रहेंगे। अगर कहीं गड़बड़ी है, तो कहने में कोई खराबी नहीं है। उन्होंने कहा कि सरकारी स्कूलों को दुरुस्त करना पड़ेगा। अभी तो मास्टर साहब क्लास में आते टेबल पर पैर रख कर बैठ जाएंगे। बच्चों के सामने खैनी लगाने लगेंगे। कुछ चढ़ाने के ऐसे शौकीन हैं, जो घर जाते ही बेटे को कहेंगे कि आधा गिलास बनाकर लाओ। बेटा भी इधर-उधर देख कर एक घूंट मार लेता है। मुख्यमंत्री रविवार को एस.के. मेमोरियल हॉल में पीपीपी मोड की शिक्षा और विकास में भूमिका विषय पर आइडियल आई द्वारा आयोजित कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह दुख की बात है, हमारे शिक्षक \\\"गुरु\\\' जैसे सम्मानजनक शब्द का ख्याल नहीं कर रहे हैं। एक चरित्रवान गुरु ही चरित्रवान शिष्य बना सकता है।