बोनस के लिए आत्मदाह का प्रयास
> प्रबंधन के साथ हुई वार्ता विफल
> बोकारो मुख्यालय से आदेश के बाद देंगे बोनस : उप महाप्रबंधक
भास्कर न्यूज. कुजू
बीआरएल एसआरयू रांची रोड़ मरार में कार्यरत असंगठित श्रमिकों के बोनस की मांग को लेकर अखिल झारखंड श्रमिक संघ के क्षेत्रीय सचिव नरेश साव ने शनिवार को आत्मदाह करने का प्रयास किया। जिसे कुजू पुलिस ने मौके पर पहुंचकर रोक दिया। बाद में प्रबंधन और श्रमिक संघ के लोगों ने वार्ता की। जिसमें रामगढ़ जिला श्रम अधीक्षक रमेश कुमार सिंह उपस्थित हुए। वार्ता असफल रही। जिसके बाद यूनियन के लोगों ने प्रबंधन का घेराव कर दिया। जानकारी के अनुसार नरेश साव प्रबंधन से ठेका श्रमिकों के लिए बोनस की मांग करते हुए दोपहर लगभग एक बजे अपने ऊपर पेट्रोल छिड़कने लगे। इसी दौरान मौके पर पहुंचे कुजू ओपी के अनि मुख्तार अहमद ने नरेश को अपने कब्जे में कर उसके हाथ से पेट्रोल का डब्बा छीन लिया। नरेश साव ने बताया कि पिछले वर्ष की अपेक्षा इस वर्ष ठेका श्रमिकों ने 650 टन ज्यादा उत्पादन कर कंपनी को लाभ दिलाया, परंतु ठेका श्रमिकों के साथ प्रबंधन सौतेला व्यवहार कर रहा है। उन्होंने कहा कि फैक्ट्री में कार्य कर रहे बंधन उरांव का वेतन भी लगभग 7 माह से भुगतान नहीं किया गया है।
त्योहार का समय है परंतु प्रबंधन ठेकेदार अबतक बोनस देने से इंकार कर रही है। जिससे क्षुब्ध होकर आत्मदाह करने की नौबत आई है। उपमहाप्रबंधक यूके पाल का कहना है कि बोकारो मुख्यालय से आदेश मिलने के बाद ही वे बोनस भुगतान कर सकते हैं। बाद में प्रबंधन श्रमिक यूनियन सदस्यों ने वार्ता कर मामले का हल निकालने का प्रयास किया। जहां रामगढ़ जिला श्रम अधीक्षक रमेश कुमार सिंह को मामले का निपटारा करने के लिए बुलाया गया, लेकिन उन्होंने अपने अधिकार क्षेत्र से बाहर का मामला बताया। उन्होंने कहा कि ये राज्यस्तरीय नहीं बल्कि केंद्र स्तरीय श्रम विभाग का मामला है। अंतत: वार्ता असफल रही। मौके पर यूनियन के डीके राय, जानकी साव, अनुपम गिरी, राजेंद्र प्रसाद, मोहन प्रसाद, बहादुर गोप, भोला यादव, किशोरी महतो, बंधन उरांव, रामपतिया रजवार, भोला पात्रा आदि उपस्थित थे।
प्रबंधन के साथ वार्ता में शामिल लोग।