विवेकानंद की प्रतिमा पर नहीं निकला हल
सरियास्थित विवेकानंद चौक पर स्वामी विवेकानंद की प्रतिमा लगाए जाने को लेकर चल रहे विवाद के निपटारे के लिए थाने में रखी गई बैठक में भी कोई नतीजा नहीं निकला। दोनों पक्षों के आपसी तकरार नोक-झोंक के कारण कोई नतीजा नहीं निकल सका। विदित हो कि विवेकानंद चौक पर पंसस द्वारा स्वामी विवेकानंद की प्रतिमा लगाए जाने का प्रयास किया गया था। पर विवेकानंद सेवा समिति के लोगों ने अपनी लागत से बनाए चबूतरे पर पंसस निधि द्वारा प्रतिमा लगाए जाने का विरोध किया था तथा उस चबूतरे पर स्वामी जी की आदमकद प्रतिमा लगाए जाने की बात कही थी। जिसके बाद चबूतरे पर प्रमुख द्वारा रखी गई प्रतिमा को स्थानीय लोगों ने उतारकर रख दिया था। जिसके बाद प्रखण्ड प्रमुख द्वारा प्रतिमा की चोरी होने की सूचना बीडीओ थाना प्रभारी को दिया गया था। जिसके बाद सरिया एसडीओ केके सिंह के आदेश पर प्रतिमा को विगत 10 जनवरी को सरिया थाना लाया गया था। विवाद के निपटारे के लिए 10 फरवरी की तिथि तय की गई थी। तय तिथि के अनुसार आज मंगलवार को सरिया थाना परिसर में बैठक भी हुई। जिसमें मुख्य रुप से सरिया एसडीओ केके सिंह, बीडीओ निर्भय कुमार, जिप सदस्य मो इकबाल रजनी कौर तथा विवेकानंद समिति के बैजनाथ सिंह, राजेश मंडल, रतन वर्मा, कृष्ण कान्त सिंह समेत कई पंसस सदस्यों ने हिस्सा लिया। पर बैठक में जहां विवेकानंद समिति के लोग अपनी ओर से बनाए गए चबूतरे पर अपने ही कोष से विवेकानंद की आदमकद प्रतिमा लगाए जाने तथा पंसस फंड द्वारा हाई मास्ट लाईट लगाने की मांग पर अड़े थे। वहीं प्रखण्ड प्रमुख वहां अपने द्वारा लाई प्रतिमा लगाने की बात कह रही थी। हालांकि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के अनुसार सार्वजनिक स्थल पर प्रतिमा नहीं लगाये जाने की बात भी अधिकारियों द्वारा की जा रही थी। पर आपसी तू-तू मैं-मैं के कारण मामला सिफर रहा और बेनतीजा हीं बैठक समाप्त कर अधिकारी चलते बने।