राजधानी में सीवरेज-ड्रेनेज जोन वन का मार्च से शुरू होगा काम
राजधानीमें जोन वन के सीवरेज-ड्रेनेज निर्माण के लिए चयनित कंपनी ज्योति बिल्डकॉन ने कन्फर्मेटिव सर्वे का काम पूरा कर लिया है। सर्वे रिपोर्ट रांची नगर निगम को सौंप भी दी है। अब इसका अध्ययन किया जा रहा है। निगम प्रशासन इस पर सहमति देता है तो सर्वे रिपोर्ट के आधार पर ही अगले माह से जोन वन का निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। सीवरेज-ड्रेनेज निर्माण की मॉनिटरिंग करने के लिए जुडको में प्रोजेक्ट इंप्लिमेंटेशन यूनिट (पीआईयू) का गठन कर दिया गया है। इसके लिए स्पेशलिस्ट की बहाली चल रही है। पीआईयू में नियुक्त होने वाले स्पेशलिस्ट की निगरानी में ही सीवरेज-ड्रेनेज का काम होगा।
योजनाके लिए पांच माह पहले किया गया था एग्रीमेंट
जोनवन की सीवरेज-ड्रेनेज योजना के लिए ज्योति बिल्डकॉन कंपनी के साथ पिछले साल सितंबर में ही एग्रीमेंट किया गया था। इसके बाद अक्टूबर में मुख्यमंत्री ने इस योजना का शिलान्यास किया। नवंबर से कंपनी को काम शुरू करना था, लेकिन कन्फर्मेटिव सर्वे की वजह से काम शुरू नहीं हो सका। अब नगर आयुक्त ने कंपनी को मार्च से काम शुरू करने का निर्देश दिया है। इसलिए कंपनी की ओर से सामग्री मंगाने की तैयारी की जा रही है।
जोन वन में कुल नाै वार्ड शामिल हैं। वार्ड-1 मेंचंदवे, टिकली टोला, लेक एवेन्यू, टोंगरी टोली, डैम साइड, आदर्श नगर, वसंत विहार और मिशन गली शामिल है। वार्ड-2मेंहातमा, एटीआई, गांधी नगर, भीठा, मिसिर गोंदा, सीएम आवास, चिरौंदी है। वार्ड-3 मेंबूटी रोड, ऑफिसर्स कॉलोनी, मोरहाबादी मैदान, सिंदवार टोली, टैगोर हिल रोड एदलहातू बस्ती, वार्ड4 मेंनवा टोली, हरिहर सिंह रोड, दिव्यायन, बनिया टोली, बरियातू नया टोली, कुसुम विहार, शंकर नगर, वार्ड-5मेंबड़गाईं बस्ती, चेशायर होम रोड, बूटी रोड और जयप्रकाश नगर, वार्ड32 मेंन्यू पुलिस लाइन, अलकापुरी, रिफ्यूजी कॉलोनी, कटहल गोंदा, वार्ड-33मेंहेसल, बैंक कॉलोनी, सरोवर नगर, वार्ड-34मेंपंडरा, पंचशील नगर, लक्ष्मी नगर और वार्ड35 मेंआईटीआई काजू बागान में सीवर-ड्रेनेज लाइन बिछेगी।
कंपनी की ओर से शहर में किए गए कन्फर्मेटिव सर्वे में जोन वन में कई स्थान बदल गए हैं। पूर्व में बनाई गई डीपीआर में जिस स्थान पर सीवर की मेन ट्रंक लाइन बिछाई जानी थी, वहां पर अब अपार्टमेंट बन गए हैं, तो कहीं पर ऊंचे-ऊंचे निजी भवन खड़े हो गए हैं। ऐसे में सीवर लाइन को बदल दिया गया है। पूर्व में बनी डीपीआर में सीवर लाइन की कुल लंबाई 207 किलोमीटर और ड्रेनेज की लंबाई 210 किलोमीटर थी। लेकिन कन्फर्मेटिव सर्वे में सीवर और ड्रेनेज की लंबाई बढ़ गई है। निर्धारित लाइन बदलने से कुछ स्थानों पर सीवर और ड्रेनेज लाइन को घुमाकर नई लाइन खींची गई है। इससे लगभग 30 से 40 किलोमीटर लंबाई बढ़ गई है।
जोन वन में सड़क के किनारे 15 से 20 फीट नीचे सीवर लाइन बिछेगी। वहीं, ऊंचे स्थानों पर 10 फीट गहराई होगी। सड़क बर्बाद हो, इसलिए वर्तमान में बनी नालियों के किनारे ही सीवर लाइन बिछाई जाएगी। कांके रोड में पहले से बनी नाली को नुकसान हो, इसलिए मैनहर्ट द्वारा डीपीआर में बनाए गए डिजायन को भी बदला गया है। वर्तमान में बनी नालियों का ही इस्तेमाल ड्रेनेज में किया जाएगा।
359 करोड़की लागत से बनना है सीवरेज-ड्रेनेज
24माहके अंदर पूरा करना है काम
207किलोमीटरलंबी बिछेगी सीवर लाइन
210किलोमीटरलंबा बनना है ड्रेनेज
15फीटनीचे बिछेगी पाइपलाइन
30फीटतक बढ़ सकती है लंबाई