विवाद के बाद ऊहापोह में सीबीआई
लखनऊऔर हैदराबाद की तरह झारखंड में भी असिस्टेंट सॉलीसिटर जनरल (एएसजीआई) पद की नियुक्ति को लेकर विवाद हो गया है। नए सॉलिसीटर जनरल अनुराग कुमार ने स्वतः प्रभार ग्रहण कर लिया है। वहीं पूर्व सॉलिसीटर जनरल ने नियुक्ति को संदिग्ध बताते हुए अभी तक प्रभार नहीं दी है। इन दोनों की लड़ाई में सीबीआई के मामलों को कौन देखेगा इस पर अब उहापोह की स्थिति कायम हो गई है। प्रदेश में सीबीआई हॉर्स ट्रेडिंग, चारा घोटाले की जांच समेत कई महत्वपूर्ण मामलों की जांच कर रही है। इनके मामले को कौन देखेगा इस पर अब संशय की स्थिति है। जानकारी के अनुसार इस संबंध में केंद्र सरकार से एएसजीआई कार्यालय ने दिशा निर्देश मांगा है। उम्मीद है कि बुधवार तक स्थिति स्पष्ट हो सकती है।
केंद्रसरकार को निर्णय लेना है : नियुक्तिविवाद सीबीआई के मामलों के संबंध में पूछे जाने पर नवनियुक्त एएसजीआई अनुराग कुमार ने कहा कि मैंने पदभार ग्रहण कर लिया है। अपना काम कर रहा हूं। आपको या किसी और को इस संबंध में किसी प्रकार की जानकारी लेनी है तो आप केंद्र सरकार से ले सकते हैं। जहां तक सीबीआई के मामलों को देखने की बात है तो यह केंद्र सरकार को तय करना है, इस संबंध में जो भी निर्णय होगा वह मैं बता दूंगा। अनुराग कुमार ने कहा कि विवाद को ज्यादा तूल देने का प्रयास किया जा रहा है। ऐसी कोई बात नहीं है। प्रारंभ में मुख्तार साहब को कुछ आपत्ति थी, इस कारण मैं तीन दिनों तक प्रभार नहीं लिया। बाद में उनसे बात हुई, उनकी सहमति के बाद ही मैंने कार्यालय आकर पदभार ग्रहण किया है। मेरी समझ में उन्हें कोई आपत्ति नहीं, मीडिया में वह किस प्रकार विरोध कर रहे हैं यह मेरी समझ से परे है।