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सिल्ली में बह गया चेक डैम

7 वर्ष पहले
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कोकालगाम गांव के समीप पाटका सोतिया पर बन रहा था चेक डैम

सिल्लीप्रखंड के कोकालगाम गांव के समीप पाटका सोतिया पर बन रहा चेक डैम तैयार होने से पहले ही बह गया। इसका निर्माण झालको कर रहा था। गौरतलब हैं कि उक्त चेक डैम का शिलान्यास विभागीय मंत्री सह स्थानीय विधायक सुदेश कुमार महतो ने 14 फरवरी 2012 को किया था। इसका निर्माण 27 लाख की लागत से होना था। इधर, ग्रामीणों ने बताया कि निर्माण कार्य में काफी अनदेखी की गई है। इसके कारण यह स्थिति उत्पन्न हुई। बालू के ऊपर पत्थर का पिलर बनाया गया था। साइड के गार्डवाल पर मिट्टी भी नहीं भरी गई थी। निर्माण कार्य में लगे कई मजदूरों को मजदूरी का भुगतान भी नहीं किया गया है। गांव के ही अभिराम महतो ने बताया कि उसने अपने प|ी लखीमनी देवी के साथ काम किया था। इस मजदूरी का पांच हजार रुपया बाकी अबतक नहीं मिला है। जब मांग मांगकर थक गए तो कार्यस्थल पर ही कुछ पत्थरों को अपने कब्जे में ले रखा है। जब मजदूरी का भुगतान होगा तो इन पत्थरों को वापस कर देंगे। यही नहीं मेरे अलावा कई अन्य मजदूरों का मजदूरी बकाया है।

गौरतलब हैं कि तत्कालीन जेई बीबी सिंह थे। कुछ ही दिन पूर्व झालको के क्षेत्रीय उप प्रबन्धक बने थे। और घूस लेते पकड़े गए थे। इन दिनों इसी आरोप में जेल में बंद हैं। इधर कार्यस्थल पर देखरेख कर रहे नटवर शर्मा ने पूछे जाने पर बताया कि मेरा काम सिर्फ देखरेख तक ही था। लगता है गार्डवाल के किनारे भरी गई मिट्टी के कटाव के कारण बाद ऐसा हुआ होगा।

पुल का पीलर धंसा

सिल्लीप्रखंड के चोकेसेरेंग गांव के समीप पटका सोतिया पर बने पुल का पीलर धंस गया। इस कारण से रविवार को पुल बीचोबीच टूट गया। इससे ग्रामीणों का आने जाने में काफी कठिनाईयों का सामना करना पड़ रहा हैं। जिला योजना के तहत उक्त पुल का निर्माण कार्य का शिलान्यास विधायक सुदेश महतो ने किया था। परं्तु विभाग की लापरवाही के कारण लाखों रुपया की लागत से बना पुल कुछ ही वर्षो में टूट गया। बताया जाता हैं कि आपसी विवाद होने के कारण निर्माण कार्य आधा अधूरा रह गया था। इसका नतीजा हुआ कि लगभग 6 साल बाद एक दिन आई तेज बारिश ने निर्माण कार्य की पोल खोल दी। इधर ग्रामीण कामेश्वर महतो, परेश महतो एवं सुग्रीव महतो ने बताया कि बुनियाद ढलाई करके बालू के ऊपर पत्थर की जोड़ाई करके पीलर खडा़ कर दिया था। गौरतलब हैं कि यह गांव जंगली हाथी