हजारीबाग. उग्रवादी संगठनों से संबंधों के मामलों में फंसे पूर्व कृषि मंत्री योगेंद्र साव की अग्रिम जमानत याचिका पर सोमवार को हजारीबाग कोर्ट में सुनवाई हुई। सुनवाई के दौरान अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुरेश चंद्र जायसवाल की अदालत ने पुलिस को केस डायरी सौंपने का आदेश दिया। अगली सुनवाई की आठ अक्टूबर को होगी।
उग्रवादी संगठनों के संरक्षण का चल रहा है मामला
योगेंद्र साव पर झारखंड टाइगर ग्रुप व झारखंड बचाओ आंदोलन को संरक्षण देने, हथियार व संसाधन मुहैया कराने और वारदातों की योजना बनाने में दिशा-निर्देश देने से संबंधित मामला गिद्दी थाने में दर्ज है। यह प्राथमिकी गिरफ्तारी के बाद टाइगर ग्रुप के सरगना राजकुमार गुप्ता, सहयोगी संदीप साव व झारखंड बचाओ आंदोलन के सरगना मुकेश साव के स्वीकारोक्ति बयान के आधार पर दर्ज की गई है।
(फोटो- पूर्व कृषि मंत्री योगेंद्र साव)