रांची. झारखंड कांग्रेस विधानसभा चुनाव स्कीनिंग कमेटी 2014 के अध्यक्ष भंवर जीतेंद्र सिंह ने कहा कि विधानसभा चुनाव में दागियों को उम्मीदवार बनाने से पार्टी परहेज करेगी। राष्ट्रीय उपाध्यक्ष
राहुल गांधी का स्पष्ट निर्देश है कि अपराधियों को उम्मीदवार न बनाया जाए। स्वच्छ छवि वाले उम्मीदवारों को ही प्राथमिकता मिलेगी। जीतेंद्र सिंह शनिवार को पत्रकारों से बात कर रहे थे। उन्होंने कहा कि स्क्रीनिंग कमेटी राज्य की सभी 81 सीटों के उम्मीदवारों के लिए राय शुमारी कर रही है। गठबंधन का फैसला होने के बाद उम्मीदवारों की सूची जारी होगी। हालांकि उन्होंने बताया कि ज्यादातर लोग गठबंधन के खिलाफ हैं। इस मामले में फैसला आलाकमान को ही लेना है। उन्होंने कहा कि चुनाव में महिलाओं एवं युवाओं को समुचित उम्मीदवारी दी जाएगी। जिस प्रकार का उत्साह उन्हें यहां देखने को मिल रहा है, उसमें वह यह दावा कर सकते हैं कि अगली सरकार कांग्रेस की ही होगी।
जिलाध्यक्षों से ले रहे हैं जानकारी
सिंह ने कहा कि स्क्रीनिंग कमेटी की यह पहली बैठक है। उनके पास अभी प्रदेश चुनाव समिति का पैनल नहीं पहुंचा है। वह प्रखंड अध्यक्षों से लेकर जिलाध्यक्षों से पार्टी के बारे में जानकारी ले रहे हैं। पार्टी के भीतर की क्या स्थिति है, कैसे उम्मीदवार को टिकट दिया जाए। राष्ट्रीय उपाध्यक्ष के निर्देशों को ध्यान में रखकर रायशुमारी की जा रही है।
योगेंद्र को टिकट के मामले में रिपोर्ट की होगी समीक्षा
जीतेंद्र सिंह ने कहा कि योगेंद्र साव पर लगाए गए आरोप से संबंधित रिपोर्ट पर स्क्रीनिंग कमेटी में समीक्षा होगी। प्रदेश कांग्रेस ने भी जो जांच कराई है उसकी भी समीक्षा की जाएगी। समीक्षा के आधार पर ही उनकी उम्मीदवारी पर फैसला होगा। आरोपों की तह में जाकर ही निर्णय होगा। सिर्फ राजनीतिक साजिश के तहत लगे आरोप के आधार पर ही किसी को दागी नहीं माना जा सकता।
पदाधिकारियों को टिकट न देने का सीधा निर्देश नहीं
जिलाध्यक्षों या प्रखंड अध्यक्षों को टिकट न दिए जाने के निर्णय पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष सुखदेव भगत ने कहा कि राहुल गांधी का निर्देश है कि चुनाव नहीं लड़नेवाले संगठन की जिम्मेदारी लें, तो अच्छा होगा। उन्होंने पदाधिकारियों को सीधे तौर पर टिकट न देने जैसा कोई निर्देश नहीं दिया है। प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि कई जिलाध्यक्षों ने अपने आप को मजबूत उम्मीदवारों के बाद सूची में रखा है।
अंतिम कांग्रेसी तक पहुंचने के लिए रांची में बैठक
रांची में स्क्रीनिंग कमेटी की बैठक करने के बारे में पूछे गए सवाल के जवाब में कमेटी के अध्यक्ष जीतेंद्र सिंह ने कहा कि प्रखंड अध्यक्ष के अलावा अन्य कांग्रेस नेता जो शायद दिल्ली तक जाकर अपनी बात नहीं कह सकते थे, उससे भी बात करने का मौका मिल रहा है। बैठक में स्क्रीनिंग कमेटी के अध्यक्ष भंवर जीतेंद्र सिंह, कमेटी के सदस्य एवं एआईसीसी के सचिव सूरज हेगड़े, प्रदेश कांग्रेस के सह प्रभारी ताराचंद भगोरा उपस्थित थे।
कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने खुलकर रखी अपनी बात
प्रदेश मीडिया सदस्य लाल किशोर नाथ शाहदेव ने बताया कि इस बैठक में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कमेटी के अध्यक्ष के सामने झारखंड विधानसभा चुनाव में पार्टी द्वारा गठबंधन, संभावित प्रत्याशियों पर खुलकर अपनी बात रखी। उन्होंने बताया कि पहले दिन स्क्रीनिंग कमेटी के समक्ष संथाल परगना, कोल्हान एवं पलामू प्रमंडल, दक्षिण एवं उत्तरी छोटानागपुर के के जिला एवं प्रखंड अध्यक्षों से राय शुमारी की गई। 14 सितम्बर स्क्रीनिंग कमेटी के दिन में 11 बजे प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारियों, सांसद, पूर्व सांसद, विधायक, पूर्व विधायक, 2009 विधानसभा चुनाव में पार्टी के प्रत्याशी रहे, एआईसीसी के सदस्य, मोर्चा संगठन के प्रदेश अध्यक्ष, लोकसभा एवं विधानसभा युवा कांग्रेस अध्यक्ष, महिला कांग्रेस की जिलाध्यक्ष, एनएसयूआई, सेवा दल के जिला अध्यक्षों के साथ राय-शुमारी करेगी। इसके पूर्व भंवर जीतेन्द्र सिंह का एयरपोर्ट पर स्वागत किया गया। सुखदेव भगत एवं राजेन्द्र सिंह ने उनकी अगवानी की।
प्रदेश अध्यक्ष व विधायक दल के नेता रायशुमारी से रहे दूर
प्रदेश अध्यक्ष सुखदेव भगत व विधायक दल के नेता राजेंद्र प्रसाद सिंह राय पहले सत्र में परिचय होने के बाद बैठक से चले गए। इसपर जीतेंद्र सिंह से कहा कि बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं के आने की वजह से दोनों व्यवस्था में लगे हैं। प्रदेश प्रभारी को दूसरे कार्यक्रम में भी जाना था। हालांकि खबर है कि उन्हें बैठक से जानबूझकर दूर रखा गया ताकि कार्यकर्ता खुलकर अपनी बात रख सकें।