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सौभाग्य बढ़ाने वाले लॉफिंग बुद्धा कौन थे? घर में कहां और कैसे इनकी मूर्ति

फेंगशुई के अनुसार सही जगह पर लॉफिंग बुद्धा की मूर्ति रखने से घर की नकारात्मकता खत्म होती है, घर में सकारात्मकता बढ़ती है

Danik Bhaskar | Nov 24, 2017, 05:00 PM IST

जिस प्रकार भारत में वास्तु है, ठीक उसी प्रकार चीन में फेंगशुई है। भारत में कुबेर देव धन के देवता हैं और चीन में लॉफिंग बुद्धा। फेंगशुई की मान्यता है कि घर में लॉफिंग बुद्धा की मूर्ति रखने से सौभाग्य बढ़ता है। इसीलिए भारत में भी काफी लोग अपने-अपने घरों में और दुकानों में इनकी मूर्तियां रखते हैं। यहां जानिए आखिर लॉफिंग बुद्धा कौन थे और घर में इनकी मूर्ति कैसे रखनी चाहिए...

महात्मा बुद्ध के शिष्य थे लॉफिंग बुद्धा

महात्मा बुद्ध के कई शिष्यों में से एक थे जापान के होतेई। मान्यता के अनुसार होतेई बौद्ध बने और जैसे ही उन्हें आत्मज्ञान की प्राप्ति हुई तो वे जोर-जोर से हंसने लगे। इसके बाद उनके जीवन का एकमात्र उद्देश्य था लोगों को हंसाना और सुखी बनाना। होतेई जहां भी जाते वहां लोगों को हंसाते और लोग उनके साथ काफी खुश रहते थे। इसीकारण जापान में लोग उन्हें हंसता हुआ बुद्धा यानी लॉफिंग बुद्धा कहने लगे। धीरे-धीरे उनके अनुयायियों की संख्या बढ़ती गई, एक देश से दूसरे देश और अब पूरी दुनिया में उन्हें मानने वालों करोड़ों लोग हैं।

चीन में प्रचलित मान्यता के अनुसार लॉफिंग बुद्धा चीनी देवता हैं। चीन में इन्हें पुताइ के नाम से जाना जाता है। वे एक भिक्षुक थे और उन्हें मौज-मस्ती करना, घुमना-फिरना बहुत पसंद था। वे जहां भी जाते थे, वहां अपना बड़ा पेट और विशाल बदन दिखाकर सभी हंसाते थे। तभी से लोग इन्हें देवता की तरह मानने लगे और इनकी मूर्तियां घर में रखने लगे।

फेंगशुई के अनुसार सही जगह पर लॉफिंग बुद्धा की मूर्ति रखने से घर की नकारात्मकता खत्म होती है और घर में सकारात्मकता बढ़ती है। जिससे सुख-समृद्धि का आगमन घर में होता है। जानिए घर में लॉफिंग बुद्धा की मूर्ति कहां कैसे रखना चाहिए...