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HUMOUR: मोदी बने देश के पहले जुमलेबाज PM, देखिए मामला ऐसा है

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बेंगलुरु की चुनावी रैली में एक नया जुमला ‘टॉप (TOP)’ उछाला था।

Danik Bhaskar | Feb 07, 2018, 10:40 AM IST

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बेंगलुरु की चुनावी रैली में एक नया जुमला ‘टॉप (TOP)’ उछाला था। इसका मतलब है टमाटर, ऑनियन और पोटैटो। दरअसल, टॉप टमाटर, ऑनियन और पोटैटो का एक्रोनिम (शब्दों के प्रथम अक्षरों से बना शब्द) है। पीएम इससे पहले भी कई मौकों पर विरोधियों के खिलाफ तीखे जुमले का प्रयोग कर चुके हैं। मजेदार बात यह है कि उनके जुमले लोगों की जुबां पर चढ़ जाते हैं। दैनिक भास्कर ने इसकी पड़ताल की कि मोदी ऐसे जुमले लाते कहां से हैं। पता चला कि पीएम की एक निजी टीम है, जो काफी रिसर्च के बाद ऐसे एक्रोनिम्स गढ़ती है।

कौन हैं इस टीम में?

1) जगदीश ठक्कर, पीआरओ

- पीएम के पीआरओ हैं। मोदी जब सीएम थे, तब भी ठक्कर उनके पीआरओ थे। मोदी के काफी नजदीकी और भरोसेमंद लोगो में शुमार हैं।

2) यश गांधी और नीरव के. शाह

- दोनों गुजराती हैं और पीएमओ में रिसर्च ऑफिसर हैं। यश गांधी और नीरव के शाह पीएम के भाषणों से लेकर सभी विषयों पर रिसर्च इनपुट मुहैया कराते हैं। पीएम के ट्विटर और फेसबुक को यही दोनों देखते हैं।

3) हिरेन जोशी (ओएसडी-आईटी)

- पहले मीडियाकर्मी थे। अभी पीएम की कोर टीम में हैंं। पीएम को ऐसे बिंदु देते हैं, जो जनता से जुड़े होते हैं और सुर्खियां बटोरते हैं।

4) प्रतीक दोषी (ओएसडी- रिसर्च एंड स्ट्रैटजी)
- नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ सिंगापुर से पढ़े हैं। 2007 में मोदी से जुड़े। मोदी सरकार के स्ट्रैटजिक इनिशिएटिव के लिए काम करते हैं। मोदी के भाषणों के लिए रिसर्च भी करते हैं।