--Advertisement--

BIG JOKE: कपड़ा चोर चालाक दर्जी की मजेदार कहानी

एक दर्जी कपड़े की कटिंग करते समय बहुत होशियारी से कपड़ा चुरा लिया करता था

Danik Bhaskar | Feb 04, 2016, 09:29 AM IST
एक चालाक दर्जी की कहानी
एक दर्जी कपड़े की कटिंग करते समय बहुत होशियारी से कपड़ा चुरा लिया करता था। एक बार उसने सपना देखा कि शहर में उसे वस्त्रहीन स्थिति में घुमाया जा रहा है। उसके सिर पर कपड़ों की खूब सारी चिन्दियों की झन्डी बंधी हुई है। उसने साथ चल रहे यमदूत से पूछा कि ये सब क्या है? यमदूत ने कहा कि तुमने आज तक जितनी बार कपड़ा चोरी किया है ये उनकी झन्डी है।
जब दर्जी की नींद खुली तो वो अत्यंत शर्मिन्दा हुआ और उसने प्रण किया कि वो आइंदा चोरी नहीं करेगा। सुबह जब वो दुकान पहुंचा, तो उसने अपने चेले को ताकीद कर दी, कि जब भी मैं कटिंग
करते समय कैंची तिरछी करूं, तो तुम बोलना ‘झंडी‘। इसके बाद जब भी वो कैंची तिरछी करता, चेला जोर-जोर से चिल्लाने लगता- उस्ताद झंडी! उस्ताद झंडी! और दर्जी की कैंची सीधी हो जाती। एक बार एक ग्राहक मखमल का कपड़ा लाया तो उससे रहा नहीं गया, और कैंची तिरछी हो गई। ये देख चेला चिल्लाने लगा- उस्ताद झंडी। उस्ताद झंडी। इस पर दर्जी ने उसे तुरंत डपट दिया- चुप कर! उस झंडी में मखमल कहां था। हर वक्त मत टोका कर मुझे।
हरबीर सिंह बतरा, भोपाल