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पीरियड्स से इतनी परेशान हुई ये लड़की कि उठा लिया ये बड़ा कदम

पीरियड्स कुछ महिलाओं के लिए अभिशाप बन जाता है।

Dainikbhaskar.com | Last Modified - Mar 14, 2018, 12:36 PM IST

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    पीरियड्स, के दौरान थोड़ा बहुत दर्द होना, चिड़चिड़ापन होना आम बात हैं, लेकिन कई बार ये समस्याएं इतनी बढ़ जाती है कि पीरियड्स कुछ महिलाओं के लिए अभिशाप बन जाता है। ब्रिटेन की रहने वाली लूसी भी पीरियड्स के खौफनाक दौर से गुजर रही थीं। वो माहवारी के उस दर्द को झेल नहीं सकीं। उनके लिए महीने के वो पांच दिन नरक जैसा होता था।

    लूसी ने पीरियड्स के परेशान होकर 28 साल की उम्र में अपना गर्भाशय निकलवा दिया और अपनी जिंदगी बचा ली। लूसी को पोस्ट ट्रॉमेटिक स्ट्रेस डिसऑर्डर था। इस डिसऑर्डर की वजह से वो पीरियड्स के दौरान असीम पीड़ा से गुजरती थीं।

    पीरियड्स उनके लिए इतना खतरनाक बनता जा रहा था कि वो महीने के उन पांच दिनों में अपने स्वभाव से बिल्कुल विपरीत हो जाती थीं। न किसी से बात करना, न किसी ने मिलना-जुलना। हर बात का गुस्सा, चिड़चिड़ापन, खाना न खाना और तो और किसी चीज को छूने से भी परहेज करती थीं।

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    लूसी

    पीरियड्स की वजह से छूट गई पढ़ाई

    उनका मूड इतना स्विंग् होने लगा कि पीरियड्स की वजह से उन्हें स्कूल छोड़ना पड़ा। इस बीमारी के चलते उन्हें मेंटल हॉस्पिटल में रखा गया। सालों तक इलाज चलता रहा, लेकिन सुधार नहीं हुआ। जोड़ों और मांसपेशियों में दर्द, थकावट, तेज़ आवाज़ से डरना, तेज़ गंध और तो और किसी का छूना भी उन्हें चिड़चिड़ा बना देता। वो चीजें भूलने लग जातीं, खुद को भी पहचान नहीं पातीं। समस्या धीरे-धीरे बढ़ने लगीं। डॉक्टरों ने हाई डोज डिप्रेशर पिल्स देना शुरू कर दिया, लेकिन सुधार नहीं होता दिखा। लूसी के पति एक के बाद एक डॉक्टर बदलते रहे, लेकिन जब 16 साल की उम्र में जब पहली बार वो मां बनीं तो मानो चमत्कार हो गया।

    पीरियड्स की वजह से खुदकुशी का ख्याल

    लूसी के गर्भधारण के बाद से बच्चे के स्तनपान कराने तक वो पहले जैसी हो गईं। सारी परेशानियां खत्म हो गईं, वो खुश रहने लगीं, पति और बच्चे के साथ जीने लगीं, लेकिन जैसे ही एक बार फिर से पीरियड्स शुरू हुआ पुराने लक्षण फिर से लौट आए। लूसी और उनके पति मार्टिन की परेशानी और बढ़ने लगी। पीरियड्स की वजह से लूसी खुदकुशी करने तक की सोचने लगीं, लेकिन पति ने लूसी का पूरा साथ दिया। वो इस बात का पूरा ख्याल रखते कि पीरियड्स के दौरान लूसी का तनाव न बढ़े। लूसी को लगने लगा कि पीरियड्स की शुरुआत में उन्हें काफी परेशानी होती हैं और जैसे ही ब्लीडिंग शुरू होती थी वो धीरे-धीरे सामान्य होने लगती है। अपनी परेशानी से निपटने के लिए उन्होंने इंटरनेट से भी काफी जानकारी जुटाई।

    प्रीमेन्स्ट्रूअल डाइस्फोरिक डिसऑर्डर

    डॉक्टरों की मदद ली और 23 साल की उम्र में एक बार फिर से मां बनीं। मां बनने के दौरान का समय लूसी के लिए खुशियों भरा था। बेटी का जन्म हुआ, कुछ दिनों बाद फिर से पीरियड्स आने शुरू हुए और लूसी की परेशानियां भी बढ़ने लगी। लूसी को सही डॉक्टर की तलाश थी, जो उनकी समस्या को सही समझ सके। लूसी के डॉक्टर ने उन्हें स्त्रीरोग विशेषज्ञ के बजाए मेंटल टीम के पास भेजा, जिसने कहा कि लूसी को प्रीमेन्स्ट्रूअल डाइस्फोरिक डिज़ॉर्डर है, जो कि एक तरह का प्रीमेन्स्ट्रूअल सिन्ड्रोम है। टीम ने सलाह दी कि लूसी की बीमारी तभी खत्म होगी, जब शरीर में अंडाणु बनने की प्रक्रिया को हमेशा के लिए रोका जाए।

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    लूसी

    पीरियड्स की वजह से निकलवाया गर्भाशय

    डॉक्टरों ने लूसी को गर्भनिरोधक गोलियां देनी शुरू कीं, लेकिन उनकी समस्या और बिगड़ने लगी। लूसी हाईडोज तनाव और डिप्रेशन की दवाएं लेने लगीं। इसका असर ये हुआ कि लूसी एक लाइन भी सही से बोल नहीं पाती थीं। उनके शरीर में इस्ट्रोजेन हॉर्मोन ना बने इसके लिए उन्हें 4 घंटे में इंजेक्शन दिया जाता था। डॉक्टरी तरीके से उनका रजोनिवृत्ति कराया जाने लगा, लेकिन ये अस्थाई प्रक्रिया थी। डॉक्टरों ने सलाह दी कि लूसी की प्रीमेन्स्ट्रूअल डाइस्फोरिक डिज़ॉर्डर के इलाज के लिए उन्हें अपना गर्भाशय निकलवाना होगा। लूसी एक और बच्चा चाहती थीं, लेकिन पीरियड्स के खौफनाक पलों को यादकर उन्होंने ऑपरेशन करवाने का फैसला कर लिया।साल 2016 में लंदन स्थित चेल्सी एंड वेस्टमिंस्टर अस्पताल में लूसी ने ऑपरेशन से अपना गर्भाशय निकला दिया।

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    लूसी अपनी फैमिली के साथ

    महज 28 साल की उम्र में उन्होंने अपना गर्भाशय निकलवा दिया। अब लूसी ठीक हैं और अपने दोनों बच्चों और पति के साथ खुश है।गर्भाशय निकलवाने के बाद उन्होंने अपनी पढ़ाई पूरी की और टीचिंग असिस्टेंट के तौर पर काम करने लगीं। लूसी पीरियड्स के उन पलों को याद भी नहीं करना चाहती हैं। अब वो अपनी जिदंगी का मजा ले रही है, जहां माहवारी का डर नहीं है।

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Web Title: Periods Made This Girl Suicidal So She Had Hysterectomy At 28
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