--Advertisement--

किस तरह का दर्द होने पर कैसी सिंकाई करें? जानिए यहां

हम बता रहे हैं कि किस दर्द में कौन-सी सिंकाई करनी चाहिए।

Danik Bhaskar | Feb 13, 2018, 06:49 PM IST

यूटिलिटी डेस्क। अक्सर चोट लगने या दर्द होने पर यह कन्फ्यूजन रहता है कि हमें दर्द वाले स्थान पर कैसी सिंकाई करनी है? बर्फ की सिंकाई या गर्म सिंकाई? अलग-अलग दर्द के लिए अलग-अलग सिंकाई काम करती है। इसलिए दर्द को कम करना है तो हमें यह पता होना चाहिए कि किस दर्द में कौन-सी सिंकाई करनी चाहिए। सामान्य नियम यह है कि अगर दर्द पुराना है तो उसमें गर्म सिंकाई काम आती है जैसे अर्थराइटिस का दर्द। अगर दर्द ताजा है तो उसमें ठंडी सिंकाई फायदेमंद होती है जैसे मोच का दर्द। हम बता रहे हैं कि किस दर्द में कौन-सी सिंकाई करनी चाहिए।

1. चोट लगने पर
चोट वाली जगह पर बर्फ से सिंकाई करें। इससे दर्द कम होगा।

2. अर्थराइटिस
अर्थराइटिस की प्रॉब्लम होने पर गर्म सिंकाई करें। इससे बॉडी का ब्लड सर्कुलेशन सुधरेगा और पेन दूर होगा।

3. सिरदर्द
सिर पर ठंडी मसाज करें। इससे ब्रेन रिलैक्स होगा, जिससे सिरदर्द दूर होगा।

4. गर्दन में दर्द
दर्द वाली जगह पर गर्म सिंकाई करें। इससे गर्दन की मसल्स रिलैक्स होंगी और दर्द दूर होगा।

5. आंखों में दर्द
कॉटन को ठंडे पानी में भिगोकर आंखों की मसाज करें। इससे आंखों की थकान और दर्द दूर होगा।

6. मोच आने पर
मोच वाली जगह पर ठंडे पानी से सिंकाई करें। इससे ब्लड सर्कुलेशन सुधरेगा और मोच का दर्द दूर होगा।

7. बैक पेन
बैक पर गर्म सिंकाई करें। इससे ब्लड सर्कुलेशन सुधरेगा और बैक पेन दूर होगा।