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पांच साल बाद परदेशी की वापसी

7 वर्ष पहले
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बिलासपुर. रायपुर कलेक्टर सिद्धार्थ कोमल परदेशी बिलासपुर कलेक्टर बनाए गए हैं। पांच साल पहले वे जिला पंचायत में सीईओ थे। वर्तमान कलेक्टर ठाकुर राम सिंह परदेशी की जगह लेंगे। राज्य शासन ने पांच कलेक्टर सहित भारतीय प्रशासनिक सेवा के 10 अफसरों का तबादला किया है।

बिलासपुर कलेक्टर ठाकुर राम सिंह के तबादले की चर्चा विधानसभा चुनाव के पहले से ही चल रही थी लेकिन चुनाव आयोग ने उनके नाम की अनुशंसा तबादले के लिए नहीं की। दरअसल उनके रिश्तेदारी में आने वाले आशीष सिंह ठाकुर को तखतपुर सीट से प्रत्याशी बनाए जाने के बाद उनके तबादले की चर्चा सरगर्म हो गई कि उनका जल्द ही तबादला हो जाएगा। कलेक्टर ठाकुर राम सिंह ने खुद ही चुनाव आयोग को पत्र लिखकर इस बात की सूचना दी।

उनके पिछले रिकार्ड को देखते हुए उनका तबादला नहीं किया गया। पूर्व में यहां जिला पंचायत सीईओ रह चुके हैं परदेशी को जिले की प्रशासनिक स्थिति की जानकारी होने के साथ ही अनुभव भी है। युवा आईएएस के कलेक्टर के रूप में मिलने से जिले की प्रशासनिक व्यवस्था बेहतर होने की उम्मीद भी की जा रही है। इधर तबादले को लोकसभा चुनाव से जोड़कर देखा जा रहा है। दरअसल भारत निर्वाचन आयोग ने मुख्य सचिव सुनील कुमार से मई 2014 में एक ही स्थान तीन साल से पदस्थ अधिकारियों की सूची मांगी थी और उनका तबादला करने का आदेश दिया था।

बुधवार को राज्य सरकार ने भारतीय प्रशासनिक सेवा के दस अधिकारियों का तबादला आदेश जारी किया। बिलासपुर व रायपुर के अलावा जशपुर, बालोद और सरगुजा के कलेक्टरों का तबादला आदेश जारी किया गया है।
ठाकुर राम सिंह: दो मई 2011 को दुर्ग से तबादले पर बिलासपुर आए ठाकुर राम सिंह 2000 बैच के आईएएस अफसर हैं। प्रमोशन के बाद वे पहली बार रायगढ़ कलेक्टर बनाए गए थे। मूलत: मध्यप्रदेश के टीकमगढ़ इलाके के रहने वाले ठाकुर राम सिंह को प्रशासनिक कामकाज का बेहतर अनुभव है। बॉटनी में एमएससी व कानून की पढ़ाई करने वाले सिंह को जमानती कानून पर विशेषज्ञता हासिल है।

सिद्धार्थ कोमल परदेशी: मूलत: महाराष्ट्र के रहने वाले 2003 बैच के आईएएस अफसर को 25 जुलाई 2012 को रायपुर कलेक्टर का जिम्मा सौंपा गया था। पूर्व में बिलासपुर जिला पंचायत में मुख्य कार्यपालन अधिकारी रह चुके हैं। उनके सीईओ रहते जिले को महात्मा गांधी रोजगार गारंटी योजना में बेहतर कार्य के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार मिल चुका है। जिले की कमान संभालने जा रहे अफसर युवा कलेक्टरों में एक हैं। उन्होंने इलेक्ट्रानिक में बीई की डिग्री हासिल की है।