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सेफी-ओए के बीच बढ़ा विवाद, सूची नहीं भेजी
सिटी रिपोर्टर - भिलाई
स्टील अथारिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड ((सेल)) के अफसरों की प्रतिनिधि संस्था स्टील एक्जीक्युटिव फेडरेशन ऑफ इंडिया ((सेफी)) के चुनाव को लेकर गतिरोध बढ़ गया है। बीएसपी आफिसर्स एसोसिएशन ((ओए)) ने सेफी महासचिव के मांगने के बावजूद अब तक वैध मतदाता सूची नहीं भेजी है। चुनाव की निर्धारित समयावधि खत्म होने को महज एक हफ्ता बचा है। सेफी महासचिव बख्शी प्रसाद ने संकेत दिए हैं कि अगर 25 जनवरी तक उन्हें वैध मतदाता सूची नहीं मिलती है तो वह भिलाई ओए को ‘डि-बार’ कर इस चुनाव से कार्यक्रम की घोषणा करवा देंगे।
सेफी-बीएसपी ओए में चल रही तकरार को इस पूरे विवाद से जोड़ कर देखा जा रहा है। दरअसल सेफी चेयरमैन तुलाराम यादव बीएसपी ओए की पिछली कार्यकारिणी में अध्यक्ष थे। जुलाई में हुए चुनाव में श्री यादव तो उम्मीदवार नहीं थे लेकिन उनके प्रत्याशी के तौर पर नरेंद्र कुमार बंछोर ने अध्यक्ष का चुनाव लड़ा और हार गए। इसके बाद चुन कर आई कार्यकारिणी का सेफी से विवाद बढऩे लगा। नौबत तू-तू, मै-मै तक पहुंच चुकी है। इस बीच सेल की अन्य इकाइयों में भी आफिसर्स एसोसिएशन के चुनाव हुए। दिसंबर माह के तीसरे सप्ताह में इस्को बर्नपुर इकाई ओए के चुनाव निपटने के साथ ही सेफी की नई कार्यकारिणी के लिए चुनाव की तैयारी शुरू हुई। 9 जनवरी को हुई बैठक में चुनाव अधिकारी पीवी राम राजू को जवाबदारी दी गई। इसके बाद सेफी महासचिव बख्शी प्रसाद की जवाबदारी सभी 15 इकाइयों से वैध मतदाता सूची लेकर विस्तृत चुनाव कार्यक्रम की सिफारिश करने की है। श्री प्रसाद की मानें तो उन्होंने बीएसपी ओए को 20 जनवरी तक हर हाल में मतदाता सूची भेजने कहा था। लेकिन उन्होंने नहीं भेजी। इसके बाद दो दिन की और मोहलत दी गई, फिर भी सूची नही आई। अब 31 जनवरी से पहले हर हाल में चुनाव करवाने जरूरत पड़ी तो भिलाई इकाई को असहयोग के चलते ‘डि-बार’ करने के अलावा कोई चारा नहीं बचेगा।
हमने सूची भेज दी
॥हम रिटर्निंग आफिसर को मांगी गई मतदाता सूची भेज चुके हैं। गतिरोध जैसी कोई बात नहीं है। चुनाव करवाना सेफी कार्यकारिणी की जवाबदारी है।ञ्जञ्ज
केके यादव, महासचिव बीएसपी ओए
अयोग्य घोषित करेंगे
॥समझ में नहीं आता जब शेष 14 इकाइयों ने अपने मतदाता की सूची भेज दी है तो अकेले भिलाई को क्या दिक्कत है। अब बीएसपी ओए को ‘डि-बार’ करने के अलावा कोई चारा नहीं बचा है।ञ्जञ्ज
बख्शी प्रसाद, महासचिव सेफी
सेल और बीएसपी के अफसरों के बीच आपसी खींचतान जारी। जानकार इसे पिछले चुनाव में हुए विवाद से जोड़कर देख रहे।
बंछोर ने भेजा ई-मेल
ताजा घटनाक्रम में शुक्रवार को ओए चुनाव में सेफी नॉमिनी चुने गए नरेंद्र कुमार बंछोर ने महासचिव बख्शी प्रसाद को ई-मेल भेज कर मांग की है कि वह विधिवत सेफी नॉमिनी हैं और उन्हें वैध मतदाता सूची में शामिल किया जाए। इसके जवाब में सेफी महासचिव बख्शी प्रसाद ने बीएसपी ओए का बॉयलाज मंगाया है। इसके बाद ही कोई फैसला होगा।
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सेल-सेफी बैठक 28 को... निकल सकता है रास्ता
सेफी चुनाव से पहले मौजूदा कार्यकारिणी कुछ ठोस नतीजों और उपलब्धियों के साथ अपने मतदाताओं के बीच जाना चाहती है। इसके लिए सभी की नजरें कर्मचारियों के वेज रिवीजन के लिए 25 जनवरी को नई दिल्ली में होने वाली एनजेसीएस की बैठक पर टिकी हुई है। अगर एनजेसीएस की बैठक में वेतन समझौता हो जाता है तो अफसर अपने वेज रिवीजन व अन्य मांगों को लेकर प्रयास शुरू करेंगे। इसकी तैयारियों व चुनाव कार्यक्रम को लेकर सेफी कार्यकारिणी की सेल के डायरेक्टर पर्सनल एचएस पति से 18 दिसंबर को मुलाकात हो चुकी है। इसके बाद सेल-सेफी बैठक 28 जनवरी को संभावित है। यदि इस बैठक में सकारात्मक परिणाम आते हैं तो अगले दो दिन में सेफी के चुनाव करवा लिए जाएंगे।
सेफी और ओए अपने तर्कों पर अड़े