- Hindi News
- आयोजन ! खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में उद्यमशीलता को बढ़ाने सेमीनार, कृषि उत्पादन बढ़ाएं
आयोजन-!-खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में उद्यमशीलता को बढ़ाने सेमीनार, कृषि उत्पादन बढ़ाएं
भास्कर न्यूज - ंकोरबा
देश में प्रतिवर्ष 46 हजार करोड़ का खाद्यान्न नष्ट होता है। इसके संरक्षण के लिए विशेष व्यवस्था उपलब्ध होगी। पूर्व में केन्द्र शासन खाद्यान्न सुरक्षा की राशि सीधे उपलब्ध कराती थी। लेकिन अब केन्द्र शासन राज्यों के माध्यम से खाद्य एवं संबंधित कृषि उद्योगों के लिए राशि उपलब्ध करा रही है। कोरबा एक बड़ा औद्योगिक नगर है। कोयला बिजली का उत्पादन कोरबा से होता है। जिससे भयावह प्रदूषण की स्थिति उत्पन्न होती है। कोरबा में प्रदूषण रहित
उद्योगों की आवश्यकता है।
यह बात केन्द्रीय कृषि एवं खाद्य प्रसंस्करण उद्योग राज्यमंत्री डॉ. चरण दास महंत ने गुरुवार को उरगा स्थित होटल रिलेक्स इन में आयोजित छत्तीसगढ़ में खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में उद्यमशीलता को बढ़ावा देने संबंधित सेमीनार में कही। उन्होंने कहा कि कोरबा में बेहतर जीवन के लिए प्रदूषण रहित उद्योग लगाने की आवश्यकता है। छत्तीसगढ़ का खाद्यान्न व वस्तुएं विदेशों में निर्यात की जाती है। अमेरिका, लंदन सहित अन्य राष्ट्रों में छत्तीसगढ़ का खाद्यान्न निर्यात होता है। बस्तर की ईमली, पेंड्रा का पपीता, अंबिकापुर की लीची, कोरिया के फूल निर्यात हो रहे हैं।
अब हमें ऐसे उद्योग लगाने की आवश्यकता है जो घरेलु उद्योग की तरह कार्य करें और कृषि उत्पादन में वृद्धि हो। डॉ. महंत ने कहा कि जिले में और उद्योग नहीं लगाने चाहिए, अगर उद्योग लगाए जाएगें तो इसका हम पुरजोर विरोध करेगें। डॉ. महंत ने कहा कि बालको के 1200 मेगावाट संयंत्र का भी मैं विरोध करता हूं। कांग्रेस पार्टी व कार्यकर्ता भी इसके विरोध में आंदोलन करेगें। डॉ. महंत ने कहा कि बालको को छत्तीसगढ़ शासन का पूरा संरक्षण प्राप्त है। यही कारण है कि बालको बेजाकब्जा, नियमों का उल्लंघन कर रहा है। चाहे नकिया कोल ब्लॉक या लैंको का विरोध ही क्यों न हो और उद्योग लगेंगे तो हम सबके खिलाफ आंदोलन करेगें। इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय बिलासपुर के कुलपति संजय पाटिल ने कहा कि किसानों को कृषि आधारित उद्योगों का लाभ मिलना चाहिए। कृषि आधारित उद्योगों से उत्पादन बढऩे के साथ ही प्रदूषण से मुक्ति मिलेगी। जल, जंगल और
जमीन भी खत्म नहीं होगा।
विधायक जयसिंह अग्रवाल, रामपुर विधायक श्यामलाल कंवर ने भी सेमीनार में अपने विचार रखे। विभागीय अधिकारियों ने सेमीनार में खाद्य प्रस्संकरण से संबंधित योजनाओं व कार्यो के संबंध में विस्तार से
जानकारी उपलब्ध कराई।
सेमीनार का फीता काटकर उदघाटन करते कृषि राज्यमंत्री डा. चरणदास महंत, विधायक जयसिंह अग्रवाल, श्यामलाल कंवर व अन्य
देश में हर वर्ष 46 हजार करोड़ का खाद्यान्न नष्ट